'140 करोड़ देशवासियों का एक ही मकसद होना चाहिए- समृद्ध भारत, नई पीढ़ी इसके लिए कदम उठाए', लाल किले की प्राचीर से PM मोदी का आह्वान
लाल किले की प्राचीर से PM मोदी ने समृद्ध भारत का आह्वान करते हुए कहा कि 140 करोड़ देशवासियों का एक ही मकसद होना चाहिए- समृद्ध भारत, नई पीढ़ी इसके लिए कदम उठाएं।
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले से 79वें स्वतंत्रता दिवस पर संबोधन दिया। पीएम मोदी ने नए भारत, बदलते भारत की तस्वीरों को अपने शब्दों के माध्यम से दुनिया के सामने उजागर किया। उन्होंने बताया कि कैसे आज का भारत बदल रहा है, विकास के लिए रुकना नहीं चाहता है और इस भारत मां के प्रति देश की जनता का कर्तव्य क्या है।
PM मोदी ने कहा, "हमारा देश भाग्यवान है। हजारों साल की विरासत के हम धनी हैं। उससे हमें निरंतर ऊर्जा मिलती है, प्रेरणा मिलती है, त्याग और तपस्या की राह मिलती है। ये वर्ष गुरु तेगबहादुर जी का 350वां शहीदी वर्ष है। देश की संस्कृति और भारत के मूल्यों की रक्षा के लिए उन्होंने अपना सबकुछ न्योछावर कर दिया।"
उन्होंने कहा कि विकास के लिए खेल का भी महत्व होता है और मुझे खुशी है कि आज अगर बच्चे खेलकूद में रुचि लेते हैं, तो मां-बाप गर्व से भर जाते हैं। मैं इसे देश के भविष्य के लिए बहुत शुभ संकेत मानता हूं। खेल को बढ़ावा देने के लिए हम कई दशकों के बाद देश में खेलो भारत नीति को लेकर आए हैं। ताकि खेल जगत का सर्वांगीण विकास का प्रयास हो। स्कूल से लेकर ओलंपिक तक हम एक पूरा इकोसिस्टम develop करना चाहते हैं।
पीएम मोदी ने समृद्ध भारत का किया आह्वान
भारत के प्रधानमंत्री ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किला से समृद्ध भारत की मांग का आह्वान करते हुए कहा कि 'आजादी के लिए अनगिनत लोगों ने बलिदान दिए हैं। स्वतंत्र भारत के लिए उन्होंने अपनी जवानी खपा दी, फांसी पर लटक गए। 75-100 साल पहले का वो कालखंड याद करिए, पूरा देश स्वतंत्र भारत के मंत्र को लेकर जीता था। आज समय की मांग है कि 140 करोड़ देशवासियों का एक ही मंत्र होना चाहिए - समृद्ध भारत!'
किसानों के लिए क्या बोले पीएम मोदी?
किसानों की सराहना करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज भारत गेहूं, चावल, फल और सब्जी के उत्पादन के मामले में भी दुनिया में दूसरे नंबर पर पहुंच चुका है। मेरे देश के किसान जो पैदावार करते हैं, आज वो उत्पादन दुनिया के बाजारों में पहुंच रहा है। 4 लाख करोड़ रुपये के agro products का export हुआ है। इतनी ही जमीन, लेकिन व्यवस्थाएं बदलीं, पानी पहुंचने लगा, अच्छे बीज मिलने लगे, किसानों को अच्छी सुविधाएं मिलने लगीं, तो मेरे देश का किसान अपना सामर्थ्य बढ़ा रहा है। आज भारत दूध, दाल और जुट के उत्पादन के मामले में दुनिया में नंबर 1 है।
Published By : Kanak Kumari Jha
पब्लिश्ड 15 August 2025 at 10:30 IST