अपडेटेड 25 February 2026 at 21:35 IST
'भारत इजरायल के साथ खड़ा है...', Knesset में PM मोदी का ऐतिहासिक संबोधन; बोले- मेरा जन्म उसी दिन हुआ था जब...
इजरायली संसद नेसेट को संबोधित करने वाले भारत के पहले प्रधानमंत्री के रूप में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजरायल को भरोसा दिया कि भारत उसके साथ खड़ा है।
इजरायली संसद नेसेट को संबोधित करने वाले भारत के पहले प्रधानमंत्री के रूप में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजरायल को भरोसा दिया कि भारत उसके साथ खड़ा है।
उन्होंने कहा कि इस खास सदन के सामने खड़ा होना मेरे लिए खुशी और सम्मान की बात है। मैं भारत के प्रधानमंत्री के तौर पर और एक पुरानी सभ्यता के प्रतिनिधि के तौर पर दूसरी सभ्यता को संबोधित करते हुए ऐसा कर रहा हूं। मैं अपने साथ 1.4 अरब भारतीयों का अभिवादन और दोस्ती, सम्मान और साझेदारी का संदेश लाया हूं।"
'मेरा जन्म उसी दिन हुआ था जब...'
इजरायली संसद को संबोधित करते हुए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "मेरा जन्म उसी दिन हुआ था जिस दिन भारत ने इजरायल को आधिकारिक तौर पर मान्यता दी थी, 17 सितंबर, 1950। मैं भारत के लोगों की तरफ से हर उस जान और हर उस परिवार के लिए गहरी संवेदनाएं रखता हूं जिनकी दुनिया 7 अक्टूबर को हमास के बेरहम आतंकवादी हमले में तबाह हो गई। हम आपका दर्द महसूस करते हैं, हम आपके दुख में शामिल हैं। भारत इस समय और आगे भी पूरे भरोसे के साथ इजरायल के साथ मजबूती से खड़ा है।"
'शांति का रास्ता हमेशा आसान नहीं होता'
प्रधानमंत्री ने आगे कहा, "गाजा पीस इनिशिएटिव, जिसे UN सिक्योरिटी काउंसिल ने मंजूरी दी थी, एक रास्ता दिखाता है। भारत ने इस इनिशिएटिव के लिए अपना पक्का सपोर्ट जताया है। हमारा मानना है कि इसमें इस इलाके के सभी लोगों के लिए एक सही और टिकाऊ शांति का वादा है, जिसमें फिलिस्तीन मुद्दे को सुलझाना भी शामिल है। हमारी सभी कोशिशें समझदारी, हिम्मत और इंसानियत से चलें। शांति का रास्ता हमेशा आसान नहीं होता, लेकिन भारत इस इलाके में बातचीत, शांति और स्थिरता के लिए आपके और दुनिया के साथ है।"
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 25 February 2026 at 21:31 IST