पैरों में सूजन और स्किन पर खुजली हो सकते हैं Kidney Disease होने के लक्षण, भूलकर भी न करें नजरअंदाज
Kidney Disease: हमारा शरीर जब भी किसी अंदरूनी समस्या से गुजरता है, तो वह कुछ शुरुआती संकेत देना शुरू कर देता है। किडनी की बीमारी भी एक ऐसी ही स्थिति है, जिसके शुरुआती लक्षणों को लोग अक्सर आम शारीरिक थकान या सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देते हैं।
- लाइफस्टाइल न्यूज़
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Kidney Disease: शरीर को स्वस्थ और डिटॉक्स रखने में हमारी किडनी की बेहद अहम भूमिका होती है। यह शरीर से टॉक्सिन्स को बाहर निकालने का काम करती है। हालांकि, जब किडनी के कार्य करने की क्षमता प्रभावित होती है, तो शरीर कई तरह के शुरुआती संकेत देना शुरू कर देता है। अक्सर लोग इन लक्षणों को सामान्य समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, जो आगे चलकर किडनी फेलियर या गंभीर किडनी रोग का कारण बन सकता है।
पैरों में सूजन आना
अगर आपके पैरों या पंजों में बिना किसी बाहरी चोट के लगातार सूजन आ रही है, तो यह किडनी की बीमारी का बड़ा संकेत हो सकता है। किडनी जब ठीक से काम नहीं करती, तो शरीर से सोडियम और अतिरिक्त पानी बाहर नहीं निकल पाता है। यह तरल पदार्थ पैरों और निचले अंगों में जमा होने लगता है, जिससे सूजन दिखने लगती है।
स्किन पर अधिक खुजली और रूखापन होना
त्वचा में लगातार खुजली होना सिर्फ एलर्जी या स्किन इंफेक्शन ही नहीं, बल्कि किडनी की खराबी की ओर भी इशारा करता है। खून में टॉक्सिन्स पदार्थों का स्तर बढ़ने पर स्किन में गंभीर खुजली, रूखापन और रैशेज होने लगते हैं।
पेशाब के पैटर्न में बदलाव
बार-बार पेशाब आना या पेशाब में झाग/खून आना। खून में रेड ब्लड सेल्स की कमी और टॉक्सिन्स के जमाव के कारण होता है। सुबह उठने पर आंखों के नीचे सूजन दिखाई देना।
बचाव और डॉक्टर की सलाह कब लें?
यदि आपको अपने शरीर में यह लक्षण 4-5 दिनों से अधिक समय तक लगातार दिखाई दें, तो बिना किसी देरी के डॉक्टर से संपर्क करें।
आप तुरंत KFT (Kidney Function Test), यूरिन टेस्ट और ब्लड प्रेशर की जांच कराएं।
पर्याप्त पानी पिएं, नमक का सेवन नियंत्रित करें, और डॉक्टर की सलाह के बिना पेनकिलर खाने से बचें।
Published By : Aarya Pandey
पब्लिश्ड 23 July 2026 at 21:16 IST