UP Cabinet Expansion: योगी सरकार का दूसरा मंत्रिमंडल विस्तार आज, ये 6 नेता बन सकते हैं मंत्री, कुछ का बढ़ सकता है कद
UP Cabinet Expansion: योगी सरकार का दूसरा मंत्रिमंडल विस्तार आज रविवार को होने जा रहा है। अगले वर्ष विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा मंत्रिमंडल विस्तार के जरिए जातीय व क्षेत्रीय संतुलन साधने की कोशिश करेगी।
UP Cabinet Expansion: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार रविवार को अपने दूसरे मंत्रिमंडल विस्तार की तैयारी में है। माना जा रहा है कि आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए भाजपा जातीय और क्षेत्रीय समीकरण साधने की रणनीति पर काम कर रही है। मौजूदा स्थिति में मंत्रिमंडल में 6 पद खाली हैं और इन्हें भरने के लिए आज दूसरा विस्तार होने जा रहा है।
इससे पहले शनिवार शाम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से मुलाकात की, जिसके बाद मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें और तेज हो गईं। सूत्रों के मुताबिक, आज रविवार दोपहर 3.30 बजे शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
इन नेताओं के नाम सबसे आगे
मंत्रिमंडल विस्तार में जिन नेताओं के नाम सबसे ज्यादा चर्चा में हैं, उनमें रायबरेली की ऊंचाहार सीट से विधायक मनोज पांडेय का नाम प्रमुख है। समाजवादी पार्टी से बगावत कर राज्यसभा चुनाव में भाजपा का समर्थन करने के बाद से ही उनके मंत्री बनने की चर्चा तेज हो गई थी। मनोज पांडेय पहले भी सपा सरकार में मंत्री रह चुके हैं।
इसके अलावा जाट समाज से आने वाले भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र सिंह चौधरी को भी मंत्रिमंडल में बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है। साथ ही वाराणसी से विधान परिषद सदस्य हंसराज विश्वकर्मा का नाम अति पिछड़ा वर्ग के प्रतिनिधि के तौर पर आगे चल रहा है।
अनुसूचित जाति वर्ग से फतेहपुर की खागा सीट की विधायक कृष्णा पासवान और अलीगढ़ के खैर से विधायक सुरेंद्र दिलेर को भी मंत्रिमंडल में जगह मिलने की संभावना जताई जा रही है। वहीं कन्नौज के तिर्वा से विधायक कैलाश राजपूत का नाम लोध समाज के प्रतिनिधित्व के तौर पर चर्चा में है।
कुछ मंत्रियों का बढ़ सकता है कद
सूत्रों के मुताबिक, इस विस्तार में सिर्फ नए चेहरों को ही जगह नहीं मिलेगी, बल्कि कुछ मौजूदा मंत्रियों का कद भी बढ़ाया जा सकता है। कई राज्य मंत्रियों को स्वतंत्र प्रभार और कुछ स्वतंत्र प्रभार मंत्रियों को कैबिनेट मंत्री बनाए जाने की चर्चा है।
जिन नेताओं के प्रमोशन की संभावना जताई जा रही है, उनमें सहकारिता मंत्री जेपीएस राठौर, माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी, उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह और समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण के नाम शामिल बताए जा रहे हैं।
भाजपा साध रही सामाजिक समीकरण
भाजपा इस मंत्रिमंडल विस्तार के जरिए प्रदेश में जातीय संतुलन को मजबूत करने की कोशिश में है। पार्टी ब्राह्मण, पिछड़ा, दलित, जाट और लोध समाज समेत अलग-अलग वर्गों को प्रतिनिधित्व देकर राजनीतिक संदेश देना चाहती है।
वर्तमान में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, दो उपमुख्यमंत्री और अन्य मंत्रियों को मिलाकर कुल 54 मंत्री हैं, जबकि संविधान के मुताबिक उत्तर प्रदेश में अधिकतम 60 मंत्री बनाए जा सकते हैं। ऐसे में छह नए मंत्रियों को शामिल करने की गुंजाइश बनी हुई है।
बागी विधायकों को मिल सकता है इनाम
राज्यसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के खिलाफ जाकर भाजपा को समर्थन देने वाले विधायकों को इस विस्तार में इनाम मिल सकता है। मनोज पांडेय के साथ-साथ कौशांबी से पूजा पाल का नाम भी चर्चा में है। भाजपा इस कदम के जरिए विपक्ष को राजनीतिक संदेश देने की तैयारी में दिख रही है।
बता दें, योगी सरकार का पहला मंत्रिमंडल विस्तार मार्च 2024 में हुआ था। उस समय ओम प्रकाश राजभर, दारा सिंह चौहान, अनिल कुमार और सुनील शर्मा को मंत्रिमंडल में शामिल किया गया था। अब दो साल बाद हो रहे दूसरे विस्तार को भाजपा के लिए राजनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है।
Published By : Shashank Kumar
पब्लिश्ड 10 May 2026 at 10:59 IST