अपडेटेड 15 December 2025 at 14:15 IST
'J-K पंडित नेहरू के हाथों में था, उन्होंने उसे इतना विवादित कर दिया कि उग्रवाद-अलगाववाद...देश आभारी है PM मोदी का', CM योगी की दहाड़
CM Yogi On Jawahar Lal Nehru: सीएम योगी ने लौह पुरुष को देश का शिल्पकार बताया। उन्होंने कहा कि मौजूदा भारत का स्वरूप सरदार पटेल की देन है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पंडित नेहरू पर कई गंभीर आरोप लगाए।
CM Yogi On Jawahar Lal Nehru: देश के पहले गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की 75वीं पुण्यतिथि पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें श्रद्धांजलि दी है। उन्होंने कहा कि मौजूदा भारत का स्वरूप लौह पुरुष सरदार पटेल की देन है। इस दौरान उन्होंने कश्मीर विवाद के लिए जवाहर लाल नेहरू को जिम्मेदार बताया।
सीएम योगी ने लखनऊ में सरदार पटेल की पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में कहा कि आज भारत का जो स्वरूप है, उसके शिल्पी के रूप में देश सदैव लौह पुरुष, 'भारत रत्न' सरदार वल्लभ भाई पटेल को याद करेगा।
पटेल ने भारत के विभाजन का विरोध किया- योगी
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘आज पूरा देश लौह पुरुष वल्लभभाई पटेल को याद कर रहा है और देश के प्रति उनकी सेवाओं के लिए कृतज्ञता व्यक्त कर रहा है। उन्होंने सामान्य किसान परिवार में जन्म लिया, उच्च शिक्षा अर्जित की जिसके पीछे के कारण विदेशी हुकूमत की नौकरी करना नहीं बल्कि देश और दुनिया को समझकर अपनी प्रतिभा का लाभ भारत माता के चरणों में समर्पित करना था। उन्होंने आजादी के आंदोलन का नेतृत्व दिया। कई बार जेल की यातनाएं सही। भारत के विभाजन का पुरजोर विरोध भी किया।’
उन्होंने आगे कहा, 'सभी जानते हैं कि हैदराबाद के निजाम और जूनागढ़ के नवाब नहीं चाहते थे कि वो भारत गणराज्य में शामिल हो। क्योंकि जब भारत आजाद हो रहा था, तो ब्रिटिश हुकूमतों ने इस देश की रियासतों को स्वतंत्रता दी थी कि या तो वो पाकिस्तान या फिर भारत गणराज्य के साथ रहे। अन्यथा वो अपना स्वतंत्र अस्तित्व बनाए रखे।
‘…नवाब-निजाम को देश छोड़कर भागना पड़ा’
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल ने जूनागढ़ और हैदराबाद को भारत गणराज्य का हिस्सा रक्तहीन क्रांति के माध्यम से बनाया। सरदार पटेल की केवल सूझबूझ से ही ये दोनों रियासतें भारत गणराज्य का हिस्सा बनीं। जूनागढ़ के नवाब और हैदराबाद के निजाम को देश छोड़कर भागना पड़ा।
नेहरू ने कश्मीर को विवादित बनाया- CM
सीएम ने आगे कहा, 'जम्मू-कश्मीर जवाहर लाल नेहरू के हाथों में था। लेकिन उन्होंने जम्मू कश्मीर को इतना विवादित किया कि वह आजादी के बाद तक भारत को डसता रहा है। यह उग्रवाद, अलगाववाद उसी कश्मीर से पंडित नेहरू की वजह से देश को मिला।
उन्होंने आगे आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ये देश प्रधानमंत्री मोदी का आभारी है, जिन्होंने धारा 370 हटाकर कश्मीर को भारत गणराज्य का हिस्सा बनाने के लिए देश में एक प्रधान और एक निशान के संकल्प को आगे बढ़ाया।
'देश के प्रति पटेल का योगदान बनीं नई प्रेरणा'
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि ये देश का दुर्भाग्य रहा कि जब सरदार पटेल का नेतृत्व देश को और प्राप्त होता 15 दिसंबर 1950 को उनका भौतिक नेतृत्व हमसे अलग हो गया लेकिन उनकी स्मृतियां, देश के प्रति उनकी सेवाएं और योगदान हम सभी के लिए एक नई प्रेरणा बन गईं।
1950 में हुआ था सरदार पटेल का निधन
बता दें कि गुजरात के नडियाद में 1875 में जन्मे पटेल ने भारत के स्वतंत्रता संग्राम में अहम भूमिका निभाई थी। देश के पहले गृह मंत्री के रूप में उन्होंने स्वतंत्रता के बाद 560 से ज्यादा रियासतों का भारत संघ में विलय कराने में अहम योगदान दिया था। 1950 में सरदार पटेल का निधन हो गया था।
Published By : Sujeet Kumar
पब्लिश्ड 15 December 2025 at 14:12 IST