अपडेटेड 27 February 2026 at 19:34 IST
UP: बसपा विधायक उमाशंकर सिंह के घर तीसरे दिन भी रेड, घर-प्लाट समेत 6 जगह छापेमारी, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस खंगाल रही टीम
Umashankar singh: बसपा विधायक उमाशंकर सिंह के विभिन्न ठिकानों पर आयकर विभाग की छापेमारी तीसरे दिन भी जारी रही। इनकम टैक्स विभाग ने 6 मुख्य ठिकानों पर बारीकी से जांच की है।
UP News: यूपी विधानसभा में बसपा के इकलौते विधायक उमाशंकर सिंह के विभिन्न ठिकानों पर आयकर विभाग की छापेमारी तीसरे दिन यानी शुक्रवार को भी जारी रही। इनकम टैक्स विभाग ने जांच का दायरा अब केवल लखनऊ और बलिया तक सीमित नहीं है, बल्कि दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक फैला दिया है।
विधायक के पैतृक गांव खनवर स्थित आवास, उनके कंस्ट्रक्शन प्लांट और होटल समेत कुल 6 मुख्य ठिकानों पर टीम ने बारीकी से जांच की है। अधिकारियों का पूरा ध्यान अब विधायक के पास मौजूद इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस, मोबाइल फोन और लैपटॉप में छिपे डिजिटल सबूतों को खंगालने पर टिका है।
अवैध खनन और टेंडर सिंडिकेट की हो रही जांच
आयकर विभाग की टीमें विधायक की प्रमुख कंपनियों 'छात्र शक्ति इन्फ्रा कंस्ट्रक्शन' और 'ओम साईंराम' के पिछले 7 सालों के वित्तीय दस्तावेजों की गहनता से पड़ताल कर रही हैं। जांच में खास तौर पर यह पता लगाने की कोशिश हो रही है कि पिछले कुछ वर्षों में इन कंपनियों को कितने करोड़ के सरकारी टेंडर मिले। अधिकारियों को अंदेशा है कि टेंडर के कागजों और जमीन पर की गई वास्तविक खुदाई के बीच के बड़े अंतर के जरिए करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी को अंजाम दिया गया है।
छिपी अलमारियों से मिला कैश
सूत्रों के मुताबिक, लखनऊ के गोमती नगर के विकल्पखंड स्थित आवास और अन्य ठिकानों की तलाशी के दौरान दीवारों में बनी छिपी हुई अलमारियों से भारी मात्रा में नकदी बरामद हुई है। बुधवार की रात से ही नोट गिनने की मशीनें लगातार काम कर रही हैं। इस छापेमारी में एक और बड़ा खुलासा यह हुआ है कि विधायक की फर्म में कुछ प्रभावशाली सरकारी अधिकारियों ने भी निवेश किया है।
सात जिलों में एक साथ कार्रवाई
आयकर विभाग की इस कार्रवाई में दिल्ली मुख्यालय, मुरादाबाद और लखनऊ की टीमें शामिल हैं। इसके अंतर्गत लखनऊ, बलिया, प्रयागराज, कौशाम्बी, सोनभद्र, वाराणसी और अयोध्या में एक साथ दबिश दी गई। विधायक के छोटे भाई और कंपनी के डायरेक्टर रमेश सिंह से भी घंटों पूछताछ की गई है।
हालांकि उमाशंकर सिंह की खराब सेहत को देखते हुए विभाग ने मानवीय आधार पर सावधानी बरतने की बात कही है, लेकिन डिजिटल साक्ष्यों और बैंक ट्रांजेक्शन के आधार पर सर्च ऑपरेशन को और तेज कर दिया गया है। फिलहाल सभी ठिकानों को सील कर पुलिस का कड़ा पहरा बैठा दिया गया है।
Published By : Sagar Singh
पब्लिश्ड 27 February 2026 at 19:34 IST