'बहन-बेटियों की इज्जत पर हाथ डालने वाले अक्रांता का महिमामंडन भारत स्वीकार नहीं कर सकता', औरंगजेब विवाद पर CM योगी की दो टूक
सीएम योगी ने कहा कि भारत की विरासत पर हमला करने वाले और देश का अपमान करने वाले अक्रांताओं का महिमामंडन करने वालों को भारत स्वीकार नहीं कर सकता है।
CM Yogi on Aurangzeb Controversy: मौजूदा समय पूरे देश में मुगल सम्राट औरंगजेब को लेकर एक अलग बहस छिड़ी हुई है। मुगल शासक को लेकर बढ़ रही सियासी बयानबाजियों के बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बिना किसी का नाम लिए ही दो टूक शब्दों में ये बयान दिया है कि देश की बहन बेटियों की इज्जत पर हाथ डालने वाले अक्रांताओं का महिमामंडन भारत स्वीकार नहीं कर सकता है। देश के कई हिस्सों में औरंगजेब विवादित बहस की वजह बना हुआ है। सीएम योगी ने कहा कि भारत की विरासत पर हमला करने वाले और देश का अपमान करने वाले अक्रांताओं का महिमामंडन देश द्रोह के बराबर माना जाएगा।
गुरुवार (20 मार्च) को बहराइच के मिहींपुरवा (मोतीपुर) के मुख्य भवन के उद्घाटन कार्यक्रम में पहुंचे सीएम योगी आदित्यनाथ ने भारत में अक्रांताओं का महिमामंडन करने वालों को देशद्रोही करार दिया है। सीएम योगी ने इस दौरान एक सभा को संबोधित किया और इस दौरान औरंगजेब विवाद को लेकर बिना किसी का नाम लिए ही उन्होंने भारतीय अक्रांताओं के महिमामंडन करने वालों पर जोरदार हमला बोला। सीएम योगी ने कहा,'किसी भी आक्रांता का महिमामंडन करने का मतलब देशद्रोह की नींव को पुख्ता करना है। स्वतंत्र भारत किसी देशद्रोही को स्वीकार नही कर सकता। जो भारत के महापुरुषों को अपमानित करता हो, उन आक्रांताओं का महिमामंडन करता हो, जिन्होंने भारत की सनातन संस्कृति को रौंदने का काम किया था, हमारी आस्था पर प्रहार किया था, उसे आज का नया भारत कतई स्वीकार नही कर सकता।'
सीएम योगी ने की महाराज सुहेलदेव की पराक्रम की तारीफ
यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने बहराइच के मिहींपुरवा में जनता को संबोधित करते हुए बहराइच के महाराज सुहेलदेव के पराक्रम का भी जिक्र किया। इस दौरान सीएम योगी ने महाराज सुहैल देव की तारीफ करते हुए कहा-'महाराज सुहेलदेव के पराक्रम और शौर्य की परिणति थी कि 150 वर्ष तक कोई विदेशी आक्रांता भारत पर हमला करने का दुस्साहस नहीं कर पाया।'
क्या है औरंगजेब पर विवाद मामला?
बीते दिनों महाराष्ट्र के समाजवादी पार्टी के राज्य अध्यक्ष अबू आजमी ने मीडिया को दिए गए एक बयान में मुगल सम्राट औरंगजेब की तारीफ की थी। इस दौरान जब रिपोर्टर ने उनसे पूछा था कि आप औरंगजेब को क्रूर शासक नहीं मानते हैं तो उन्होंने जवाब दे दिया था कि वो औरंगजेब को क्रूर शासक नहीं मानते और मुगल सम्राट की तारीफ करते हुए कहा था कि उनके शासन में भारत सोने की चिड़िया कहा जाता था। तब भारत की जीडीपी 24 फीसदी थी। इतिहास में कई चीजें गलत बताईं गई हैं। औरंगजेब को लेकर अबू आजमी के इस बयान पर पूरे देश में सियासी पारा चढ़ गया और पक्ष विपक्ष के नेता लगातार औरंगजेब को लेकर बयानबाजी करने लगे।
औरंगजेब की तारीफ के बाद अबू आजमी चौतरफा घिरे तो मांग ली थी माफी
सपा विधायक अबू आजमी के औरंगजेब की तारीफ वाले बयान के पूरे देश में सियासी हंगामा शुरू हो गया। अबू आजमी के खिलाफ महाराष्ट्र में दो जगहों पर मामले दर्ज किए गए और उन्हें महाराष्ट्र विधानसभा से निलंबित कर दिया गया। इसके बाद मामले में खुद को चौतरफा घिरता देख अबू आजमी अपने बयान से बैकफुट पर आए और इसके लिए माफी भी मांग ली। लेकिन तब तक देश में औरंगजेब पर सियासत शुरू हो चुकी थी। महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर में स्थित औरंगजेब की कब्र को हटाने की मांग की जाने लगी। इसी क्रम में नागपुर में VHP के प्रदर्शन के दौरान औरंगजेब का पुतला भी जलाया गया। वहीं इस बीच ये अफवाह भी फैल गई कि प्रदर्शन के दौरान एक विशेष समुदाय के धर्म ग्रंथ को जलाया गया। इसके बाद सोमवार (17 मार्च) की रात नागपुर में सांप्रदायिक हिंसा फैल गई और प्रशासन को कर्फ्यू लगाना पड़ा। इस हिंसा के मामले में पुलिस-प्रशासन सख्त है और बड़ी संख्या में हिंसा के आरोपियों को गिरफ्तार भी किया है।
Published By : Ravindra Singh
पब्लिश्ड 20 March 2025 at 16:49 IST