अपडेटेड 11 March 2026 at 08:32 IST

'सिलेंडर पर मुंह क्यों सिले?', LPG का जिक्र कर केंद्र पर बरसे अखिलेश यादव, कहा- गलत नीतियों का खामियाजा...

LPG Cylinder Shortage: सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गैस सिलिंडर की कमी का दावा करते हुए केंद्र सरकार को घेरा है। उन्होंने कहा कि अगर यह लड़ाई दो हफ्ते और चली तो खाना बनाने के लिए पुरानी व्यवस्था पर आना पड़ेगा। खाना बनाने के लिए कंडे और लकड़ी ढूंढ़ना पड़ेगा।

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LPG की कमी पर अखिलेश यादव | Image: ANI

Akhilesh Yadav news: अमेरिका-इजरायल-ईरान में जारी युद्ध के बीच वैश्विक तेल-गैस सप्लाई प्रभावित होने से भारत में भी LPG की कमी की आशंका बढ़ गई है। कई शहरों में कमर्शियल सिलेंडरों की किल्लत से होटल-रेस्तरां प्रभावित हैं। इस बीच सरकार का दावा है कि फिलहाल ऐसा कोई संकट नहीं। इस बीच इस मुद्दे को लेकर समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने सरकार को घेरा है और पूछा कि गलत नीतियों का खामियाजा जनता क्यों भुगते?

अखिलेश यादव ने सरकार पर साधा निशाना

अखिलेश यादव ने मंगलवार (10 मार्च) को X पर एक पोस्ट किया। उन्होंने लिखा, "सिलेंडर पर सरकार के मुंह क्यों सिले हैं? कमर्शियल सिलेंडर की किल्लत दरअसल अपने घरों से दूर रह रहे विद्यार्थियों, कामगारों, पेशेवरों, नौकरीपेशा लोगों व श्रमिकों-मजदूरों के लिए भोजन की भी समस्या है। इसके अतिरिक्त क्लाउड किचन व फूड सप्लाई करनेवाले स्टार्टअप, सप्लाई चेन, ट्रेवल तक के बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है।"

उन्होंने कहा कि सरकार हर तरह की गैस की आपूर्ति के बारे में स्पष्ट सूचना दे जिससे जनता समय रहते वैकल्पिक व्यवस्था कर सके। सरकार की गलत नीतियों का खामियाजा जनता क्यों भुगते?

'लड़ाई दो हफ्ते और चली तो…'

इसके अलावा अखिलेश यादव ने लखनऊ में मीडिया से बात करते हुए सरकार पर निशाना साधा और कहा कि युद्ध की वजह से बदली परिस्थितियों को लेकर सरकार की कोई तैयारी नहीं है। हालात ऐसे ही रहे तो चीजें इतनी महंगी हो जाएंगी कि आम आदमी के हाथ से बहुत सी चीजें निकल जाएंगी। कई राज्यों और शहरों के व्यवसायियों, कारोबारियों  ने सरकार को पत्र लिखा और एलपीजी गैस और अन्य चीजों की कमी को लेकर अपनी मांग रखी है।

सपा प्रमुख ने कहा कि सरकार खुद दावा कर रही थी कि सबसे ज्यादा गैस कनेक्शन यूपी में है। सरकार की जिम्मेदारी है कि गैस सिलेंडर कैसे भरे जाए। इस लड़ाई के वक्त आपूर्ति की जो कमी हो रही है, उसको देखते हुए क्या सरकार के पास कोई वैकल्पिक व्यवस्था है? सरकार की क्या तैयारी है? अगर यह लड़ाई दो हफ्ते और चली तो खाना बनाने के लिए पुरानी व्यवस्था पर आना पड़ेगा। खाना बनाने के लिए कंडे और लकड़ी ढूंढ़ना पड़ेगा।  

संसद में भी चर्चा की मांग की

अखिलेश यादव ने इस मुद्दे पर संसद में चर्चा की भी मांग की। उन्होंने कि देश में मंहगाई बढ़ती जा रही है। गैस से लेकर अन्य सामानो की मांग और आपूर्ति प्रभावित हो रही है। समाजवादी पार्टी इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहती है। समाजवादी पार्टी चाहती है कि पहले इस गंभीर मुद्दे पर चर्चा हो।

देश में ईंधन की कोई कमी नहीं- पीयूष गोयल

इस बीच केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने आश्वासन दिया कि मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष की वजह से वैश्विक ऊर्जा बाजारों में बढ़ती अनिश्चितता के बावजूद भारत को किसी भी प्रकार की ईंधन की कमी का सामना नहीं करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार मौजूदा स्थिति पर बारीकी से नजर रख रही है और देश भर में ईंधन की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है।

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Published By : Ruchi Mehra

पब्लिश्ड 11 March 2026 at 08:32 IST