'विकसित भारत के लिए युवाओं का नशा मुक्त होना जरूरी, इसकी लत भविष्य को तबाह करती है', पीएम मोदी का Gen-Z से किया सीधा संवाद; की ये बड़ी अपील
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज वीडियो कॉल के जरिए ‘नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान’ की शुरुआत की। इस अभियान का मकसद देश के युवाओं को नशे के खिलाफ एक साथ लाना है, ताकि भारत को नशा मुक्त बनाया जा सके और देश तरक्की कर सके।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज वीडियो कॉल के जरिए ‘नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान’ की शुरुआत की। इस अभियान का मकसद देश के युवाओं को नशे के खिलाफ एक साथ लाना है, ताकि भारत को नशा मुक्त बनाया जा सके और देश तरक्की कर सके। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश के विकास के लिए युवाओं का नशे से दूर रहना और सेहतमंद रहना बहुत जरूरी है।
उन्होंने कहा, "आप सभी इस बड़े अभियान के लीडर हैं और आपने मेरे भरोसे को और मजबूत किया है।" पीएम मोदी ने युवाओं से आगे आकर इस अभियान से जुड़ने और अपने इलाकों में लोगों को जागरूक करने की अपील की। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण का सपना तभी साकार हो सकता है, जब देश का युवा वर्ग स्वस्थ, जागरूक और नशे से दूर रहे। उन्होंने कहा कि नशे की लत न केवल युवाओं के भविष्य को नुकसान पहुंचाती है, बल्कि परिवार, समाज और राष्ट्र की प्रगति को भी प्रभावित करती है।
जो नशे को परास्त करता है वह योद्धा होता है-पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, हमें हर एक युवा को नशे के चंगुल में फंसने से बचाना है। हमारी प्रोफेसरों से अपील है कि वे अपने कॉलेज में भी नशे के खिलाफ मुहिम चलाएं। युवाओं को नशे की गिरफ्त से निकालें। जो युवा नशे को परास्त करके निकलता है वो योद्धा होता है, समाज को उनका सम्मान करना चाहिए। ड्रग्स से जुड़ा उसका अतीत उसकी पहचान नहीं हो सकती। नशे के कारोबारियो पर सख्ती के साथ कार्रवाई हो रही है।
युवा और संगठन अभियान से जुड़े
यह पहल नशीले पदार्थों के दुरुपयोग के खिलाफ लड़ाई में सामुदायिक भागीदारी को मजबूत करने के लिए शैक्षणिक संस्थानों, युवा संगठनों, नागरिक समाज समूहों, उद्योग निकायों और आध्यात्मिक संगठनों को एक साझा मंच पर लाती है। इस कार्यक्रम में देश भर के 10,000 से ज्यादा स्थानों से युवा हिस्सा ले रहे हैं।
125 से ज्यादा आध्यात्मिक संगठनों की भागीदारी
इस कार्यक्रम में 'माई भारत' (MY Bharat) के स्वयंसेवक, राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के स्वयंसेवक, युवा क्लब, स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय, NGO, उद्योग संघों के युवा विंग और 125 से ज्यादा सहयोगी आध्यात्मिक संगठन भी शामिल हो रहे हैं, जो वर्चुअली (ऑनलाइन) इस कार्यक्रम से जुड़ रहे हैं।
कई राज्यों के मुख्यमंत्री और राज्यपाल भी कार्यक्रम में मौजूद
कार्यक्रम में पूज्य अम्मा, गुरुदेव श्री श्री रविशंकर, पूज्य दाजी, डॉ. चिन्मय पंड्या और स्वामी ब्रह्मविहारीजी समेत पांच प्रमुख आध्यात्मिक गुरु शामिल हैं। इसके अलावा कई राज्यों के मुख्यमंत्री और राज्यपाल भी कार्यक्रम में मौजूद हैं। यह अभियान 125 से अधिक आध्यात्मिक संगठनों, स्कूल-कॉलेजों, संस्थानों, सार्वजनिक संगठनों और औद्योगिक संघों के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है। ब्रह्माकुमारीज, इस्कॉन, चिन्मय मिशन और ऑरोविले के वरिष्ठ प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में शामिल हैं।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 2 August 2026 at 12:53 IST