PM मोदी की अपील पर महाराष्ट्र में तुरंत अमल, कान्स फिल्म फेस्टिवल में नहीं जाएंगे सरकारी अफसर, विभाग की बैठकें ऑनलाइन; क्या-क्या हुआ फैसला?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील पर महाराष्ट्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। कान्स फिल्म फेस्टिवल में इस बार कोई सरकारी प्रतिनिधि नहीं जाएगा। सरकारी वाहनों में केवल इलेक्ट्रिक वाहन (EV) ही इस्तेमाल होंगे और मंगलवार से सभी विभागीय बैठकें ऑनलाइन होंगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को देशवासियों से खर्च बचाने और ईंधन आयात कम करने की अपील की है। इसके जवाब में महाराष्ट्र सरकार ने तुरंत एक्शन लेते हुए तीन बड़े फैसले किए हैं।
सरकार ने फैसला किया है कि इस बार कान्स फिल्म फेस्टिवल में कोई सरकारी प्रतिनिधि नहीं भेजा जाएगा। इसके अलावा सरकारी कामकाज में अब केवल इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) का ही इस्तेमाल होगा और मंगलवार से सभी विभागीय बैठकें ऑनलाइन आयोजित की जाएंगी।
पीएम ने रविवार को लोगों से अपील की थी कि कोविड काल की तरह वर्क फ्रॉम होम, वर्चुअल मीटिंग्स को बढ़ावा दें, ताकि ईंधन बच सके। इसके अलावा उन्होंने अनावश्यक विदेश यात्राएं कम से कम एक साल के लिए टालने की अपील की थी और शादियों-समारोहों में एक साल तक नए सोने के गहने की खरीदारी नहीं करने के लिए कहा था। ये अपील ईंधन आयात पर निर्भरता घटाने, विदेशी मुद्रा भंडार बचाने और आत्मनिर्भर भारत को मजबूत करने के लिए थी।
महाराष्ट्र सरकार के फैसले
महाराष्ट्र के आईटी और सांस्कृतिक मंत्री आशिष शेलार ने इन तीन प्रमुख पहलों की घोषणा की है।
- कान्स फिल्म फेस्टिवल - फ्रांस के कान्स में 12 मई से 23 मई तक चलने वाले इस प्रतिष्ठित फिल्म महोत्सव में महाराष्ट्र सरकार का कोई प्रतिनिधि नहीं जाएगा। हालांकि, इस बार दो मराठी फिल्में Jeev (The Creature) और अप्रैल-मई 99 फेस्टिवल में चुनी गई हैं।
- सरकारी वाहन - अब सरकारी कामकाज में सिर्फ इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग किया जाएगा।
- ऑनलाइन बैठकें - कल यानी मंगलवार से सभी विभागीय बैठकें वर्चुअल मोड में होंगी।
ये फैसले कोविड काल की वर्चुअल कार्यशैली को फिर से अपनाने की दिशा में माने जा रहे हैं, जिससे ईंधन की बचत के साथ-साथ समय और संसाधनों का भी बेहतर उपयोग हो सकेगा। महाराष्ट्र सरकार की इस पहल को PM मोदी की अपील पर त्वरित और व्यावहारिक जवाब के रूप में देखा जा रहा है।
PM मोदी की नागरिकों से 7 बड़ी अपीलें
- 'वर्क-फ्रॉम-होम' को फिर से अपनाएं
- पेट्रोल और डीजल का इस्तेमाल "संयम से" करें
- सार्वजनिक परिवहन और मेट्रो यात्रा को प्राथमिकता दें
- 'कारपूलिंग' अपनाएं
- गैर-जरूरी विदेश यात्राएं टालें
- गैर-जरूरी सोने की खरीदारी से बचें
- EVs और रेल परिवहन की ओर बदलाव
प्रधानमंत्री की यह अपील ऐसे समय में आई है, जब पश्चिम एशिया में लंबे समय से चल रहे संघर्ष और होर्मुज़ जलडमरूमध्य (जो ऊर्जा का एक अहम वैश्विक मार्ग है) के आसपास नाकेबंदी के कारण वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति में रुकावटों को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं।
Published By : Sagar Singh
पब्लिश्ड 11 May 2026 at 17:55 IST