झारखंड में छात्रों की बड़ी जीत, JSSC CGL परीक्षाएं समेत TDPL के जरिए हुए सभी Exam रद्द, जांच कमेटी के गठन का ऐलान

एसआईटी (SIT) और सीआईडी (CID) की जांच में चौकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। राज्य में अलग-अलग समय पर काम कर रही कई कंपनियों के बीच एक बड़े नेटवर्क के साठ-गांठ की बात सामने आ रही है।

 
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झारखंड में छात्रों की बड़ी जीत, JSSC CGL परीक्षाएं समेत TDPL के जरिए हुए सभी Exam रद्द, जांच कमेटी के गठन का ऐलान | Image: ANI

झारखंड सरकार ने JSSC CGL परीक्षा में हुई अनियमितताओं को देखते हुए बड़ा फैसला लेते हुए इस परीक्षा को रद्द कर दिया है। सरकार के इस कदम के बाद लंबे समय से आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों ने राहत की सांस ली है और राज्य में उत्सव का माहौल देखने को मिल रहा है।

SIT और CID की जांच में चौंकाने वाले खुलासे

मामले की गंभीरता को देखते हुए गठित SIT और CID की टीमें लगातार छापेमारी और जांच में जुटी हुई हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के अनुसार, जांच के दौरान कई ऐसे तथ्य सामने आए हैं जो बेहद चौकाने वाले हैं। चूंकि मामला अभी जांच के अधीन है, इसलिए आधिकारिक तौर पर सभी ब्योरों को सार्वजनिक नहीं किया गया है। शुरुआती जांच से संकेत मिले हैं कि राज्य में अलग-अलग समय पर काम कर रही कई निजी कंपनियों का एक बड़ा और संगठित नेटवर्क इस गड़बड़ी में शामिल हो सकता है।

2014 से अब तक की परीक्षाओं का होगा 'फुल ऑपरेशन'

सरकार ने साफ कर दिया है कि धांधली की जड़ों को पूरी तरह से उखाड़ फेंका जाएगा। CID को निर्देश दिए गए हैं कि वर्ष 2014 से लेकर अब तक आयोजित हुई तमाम संदिग्ध परीक्षाओं का गहन परीक्षण किया जाए। कैबिनेट के समक्ष CGL परीक्षा से जुड़े सभी साक्ष्यों को रखा गया था, जिसकी समीक्षा के बाद ही सर्वसम्मति से इसे रद्द करने का फैसला लिया गया।

पारदर्शिता के लिए बनेगा सख्त कानून और नया SOP - हेमंत सोरेन

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ राज्य की चयन प्रक्रियाओं में सुधार करेगी। पूर्व में लागू SOP का सख्ती से पालन न होना इन गड़बड़ियों की मुख्य वजह रहा। अब इस व्यवस्था को मजबूत करने के लिए एक वरिष्ठ आईएएस (IAS) अधिकारी की अध्यक्षता में विशेष समिति का गठन किया गया है। यदि परीक्षा प्रणाली के एक्ट में संशोधन की जरूरत पड़ी, तो इसके लिए विशेष विधानसभा सत्र भी बुलाया जाएगा।

August 17, 2026

छात्रों की जीत और जश्न का माहौल

लगातार अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर डटे छात्रों के सब्र का आखिरकार फल मिला है। सरकार द्वारा परीक्षा रद्द करने और पारदर्शी जांच का आश्वासन दिए जाने के बाद प्रदर्शनकारी छात्रों ने आतिशबाजी के साथ जश्न मनाया।

August 17, 2026

झारखंड में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच, सरकार द्वारा परीक्षा रद्द करने की प्रदर्शनकारी छात्रों की मांग पर सहमति व्यक्त करने के बाद, छात्र नेता रवींद्र पासवान ने कहा, सीबीआई जांच की मांग अभी तक स्वीकार नहीं की गई है, और जब तक सीबीआई जांच की मांग पूरी नहीं हो जाती, हम अपना आंदोलन जारी रखेंगे। हमने एक बड़ी लड़ाई जीत ली है, लेकिन इसमें अभी और भी बहुत कुछ है। हम मुख्यमंत्री को धन्यवाद देना चाहते हैं कि उन्होंने 24 दिनों के बाद हमारी मांग को आखिरकार सुना है, लेकिन सवाल यह है कि जब तक सीबीआई जांच नहीं हो जाती, तब तक हम अपनी भूख हड़ताल जारी रखेंगे।

August 17, 2026
August 17, 2026

जेपीएससी-जेएसएससी के अभ्यर्थी राज्य सरकार द्वारा उनकी मांगें मान लेने के बाद जश्न मनाते हुए गाते और नाचते हैं। जेएसएससी सीजीएल परीक्षा और टीडीपीएल द्वारा आयोजित सभी परीक्षाएं रद्द कर दी गई हैं।

August 17, 2026

कैबिनेट समिति की बैठक में हुआ सहानुभूतिपूर्वक विचार - सुदिव्य कुमार सोनू

एसएससी उम्मीदवारों का विरोध झारखंड के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू कहते हैं, "इस उद्देश्य के लिए गठित समिति ने पहले कैबिनेट स्तर की बैठक के संबंध में छात्रों के सभी मुद्दों पर भी बड़ी सहानुभूति के साथ विचार-विमर्श किया था, और अधिकांश मामलों पर आम सहमति बन गई थी। इसके बाद सीएम की अध्यक्षता में बैठक हुई। छात्रों के हित में एक बड़ा फैसला लिया गया, और उनकी सभी मांगों को स्वीकार कर लिया गया... वे झारखंड के भविष्य का प्रतिनिधित्व करते हैं, और उनके परिवारों का भविष्य उनके हाथों में है। मैं उनसे आंदोलन का रास्ता छोड़ने और घर लौटने का आग्रह करता हूं।

August 17, 2026

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Published By : Aarya Pandey

पब्लिश्ड 17 August 2026 at 21:55 IST