अपडेटेड 8 February 2026 at 17:19 IST
CUET 2026 के आवदेन में सबसे ज्यादा छात्रों ने चुने कौन-से 4 विषय? इस सब्जेक्ट के छात्रों के लिए कंप्टीशन होगा हाई
CUET-UG 2026 के लिए इस साल रिकॉर्ड 14.92 लाख छात्रों ने आवेदन किया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 1.38 लाख अधिक है। आंकड़ों के अनुसार, इंग्लिश और जनरल टेस्ट सबसे लोकप्रिय विषय बनकर उभरे हैं।
CUET UG 2026: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा आयोजित की जाने वाली कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET UG 2026) के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया समाप्त हो गई है। इस साल 5वें वर्ष में CUET ने सफलता के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, कुल 14.92 लाख से अधिक छात्रों ने रजिस्ट्रेशन कराया है, जो 2022 में इस परीक्षा की शुरुआत के बाद से अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। वहीं, पिछले वर्ष 2025 में 13.54 लाख (1354699) छात्रों ने आवेदन किया था।
परीक्षा का आयोजन 11 मई से 31 मई 2026 के बीच कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) मोड में किया जाएगा। खास बात यह है कि इस बार छात्रों में विषयों को लेकर स्पष्टता देखी गई है, जहां अधिकांश छात्रों ने 4 मुख्य विषयों का चयन किया है।
इंग्लिश में सबसे ज्यादा दावेदार
अगर इसमें सब्जेक्ट वाइज देखें तो 'इंग्लिश' एक बार फिर सबसे लोकप्रिय विषय बनकर उभरा है। लगभग 12.43 लाख छात्रों ने इंग्लिश विषय को अपनी पसंद बनाया है। चूंकि दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) सहित देश के अधिकांश प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में प्रवेश के लिए एक भाषा विषय (Language Subject) अनिवार्य होता है, इसलिए इंग्लिश में प्रतिस्पर्धा बेहद कड़ी है।
छात्रों ने बड़ी संख्या में चुना ये 4 विषय
इसके अलावा केमिस्ट्री (9.23 लाख), फिजिक्स (8.86 लाख) और जनरल टेस्ट (8.84 लाख) के लिए भी भारी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं। सूत्रों का कहना है कि बड़ी संख्या में छात्रों ने 4 विषयों की परीक्षा देने का विकल्प चुना है। एक ट्रेंड यह सामने आया है कि छात्रों को यह क्लियर है कि उन्हें कौन से कोर्सेज में एडमिशन के लिए ट्राई करना है और उसी हिसाब से छात्रों ने अपने विषय चुने हैं।
यूपी और दिल्ली से आए सबसे ज्यादा आवेदन
CUET UG 2026 के कुल आवेदनों में देश के पांच राज्यों की भागीदारी 55 प्रतिशत से अधिक है। उत्तर प्रदेश से सबसे ज्यादा 3.70 लाख छात्रों ने पंजीकरण कराया है, जो राज्य की बड़ी छात्र संख्या और दिल्ली यूनिवर्सिटी के प्रति उनके आकर्षण को दर्शाता है। इसके बाद दिल्ली (1.39 लाख), बिहार (1.34 लाख), मध्य प्रदेश (93 हजार) और राजस्थान (89 हजार) का नंबर आता है।
दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर राज्यों से भी भागीदारी में इजाफा हुआ है, जो इस प्रवेश परीक्षा की राष्ट्रव्यापी स्वीकार्यता को सिद्ध करता है। अभी तक 236 विश्वविद्यालयों ने इस स्कोर के माध्यम से प्रवेश देने की सहमति जताई है।
NCERT आधारित सिलेबस और तैयारी की रणनीति
NTA ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा का सिलेबस पूरी तरह से NCERT की कक्षा 12वीं की किताबों पर आधारित है। ऐसे में जो छात्र कोचिंग के बिना घर पर रहकर तैयारी कर रहे हैं, उनके लिए भी अच्छे स्कोर की पूरी संभावनाएं हैं। सभी विषयों का सिलेबस वेबसाइट पर अपलोड किया गया है, जिसमें हर विषय के टॉपिक दिए गए हैं। इस बार एनटीए ने परीक्षा केंद्रों के आवंटन में भी सुधार किया है, जिससे छात्रों को उनके पसंदीदा शहर में ही सेंटर मिलने की अधिक संभावना होगी। इस बार रिजल्ट भी जल्द जारी करने के प्लान पर काम किया जा रहा है।
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 8 February 2026 at 17:19 IST