दिल्ली में शराब के शौकीनों के लिए 'बुरी खबर'! 5 दिन बंद रहेंगी शराब की दुकानें, मई से सितंबर तक की ये तारीखें नोट कर लें
दिल्ली सरकार के आबकारी विभाग ने मई से सितंबर 2026 तक आने वाले महीनों के लिए पांच "ड्राई डे" (शराब-बंदी के दिन) की एक सूची आधिकारिक तौर पर जारी की है।
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दिल्ली सरकार के आबकारी विभाग ने मई से सितंबर 2026 तक आने वाले महीनों के लिए पांच "ड्राई डे" (शराब-बंदी के दिन) की एक सूची आधिकारिक तौर पर जारी की है।
दिल्ली आबकारी नियम, 2010 के नियम 52 के तहत जारी निर्देश के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी में शराब की सभी खुदरा और थोक दुकानें इन तय तारीखों पर बंद रहेंगी।
27 अप्रैल को जारी इस आदेश का उद्देश्य सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखना और आने वाले त्योहारों और छुट्टियों के धार्मिक और राष्ट्रीय महत्व का सम्मान करना है।
आधिकारिक 'ड्राई डे' शेड्यूल (मई–सितंबर 2026)
- 1 मई (शुक्रवार) - बुद्ध पूर्णिमा
- 27 मई (बुधवार) - ईद-उल-ज़ुहा (बकरीद)
- 26 जून (शुक्रवार) - मुहर्रम
- 15 अगस्त (शनिवार) - स्वतंत्रता दिवस
- 9 सितंबर (बुधवार) - जन्माष्टमी
पाबंदियों का दायरा
आबकारी विभाग ने साफ किया है कि ये पाबंदियां मुख्य रूप से शराब की खुदरा बिक्री पर लागू होंगी। हालांकि शराब की दुकानें और ठेके बंद रहेंगे, लेकिन हॉस्पिटैलिटी (मेहमाननवाजी) से जुड़े कुछ खास नियम भी हैं:
1. होटल: L-15 और L-15 F लाइसेंस वाले होटलों में ठहरने वाले मेहमानों को शराब परोसने पर इस आदेश का कोई असर नहीं पड़ेगा। हालांकि, इन होटलों के अंदर मौजूद बार और रेस्टोरेंट में बाहर से आने वाले लोगों को शराब परोसने पर रोक लग सकती है, खासकर स्वतंत्रता दिवस जैसे बड़े राष्ट्रीय त्योहारों पर।
2. अन्य प्रतिष्ठान: स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) के दिन, यह रोक आमतौर पर ज्यादा लाइसेंस श्रेणियों (L-16 से L-22) पर लागू होती है; इसका मतलब है कि बार, क्लब और रेस्टोरेंट में भी परिसर के अंदर शराब पीने पर पूरी तरह से रोक रहेगी (यानी 'ड्राई डे' रहेगा)।
3. नियमों का पालन: सभी लाइसेंसधारियों के लिए यह अनिवार्य है कि वे अपने परिसर में किसी "साफ दिखाई देने वाली जगह" पर 'ड्राई डे' से जुड़ा आदेश प्रदर्शित करें। इन नियमों का उल्लंघन करने पर भारी जुर्माना लग सकता है या आबकारी लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द किया जा सकता है।
नुकसान की कोई भरपाई नहीं
सरकार ने साफ तौर पर कहा है कि इन पांच दिनों के दौरान कारोबार में होने वाले नुकसान के लिए लाइसेंसधारियों को किसी भी तरह का मुआवजा या राहत नहीं दी जाएगी। इस मानक प्रक्रिया से यह सुनिश्चित होता है कि राजधानी, महत्वपूर्ण सांस्कृतिक और राष्ट्रीय अवसरों के दौरान वैधानिक (कानूनी) आवश्यकताओं का पूरी तरह से पालन करे।
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 28 April 2026 at 15:25 IST