अपडेटेड 26 February 2026 at 16:56 IST

Greater Noida: जेपी ग्रीन्स सोसाइटी में आवारा कुत्तों के झुंड ने महिला को घेरा, स्थानीय लोगों को सुरक्षा की चिंता, प्रशासन को दिया 5 दिन का अल्टीमेटम

Greater Noida: जेपी ग्रीन्स के निवासियों ने आवारा कुत्तों के बढ़ते हमलों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने FMD प्रशासन से कुत्तों की नसबंदी, GPS ट्रैकिंग और नियमों के उल्लंघन पर 5000 जुर्माना लगाने सहित कई मांग की हैं।

Follow :  
×

Share


Jaypee Greens Greater Noida: ग्रेटर नोएडा की जेपी ग्रीन्स सोसायटी में आवारा कुत्तों का संकट लगातार बढ़ता जा रहा है। हाल ही में सोसायटी के अंदर एक महिला को आवारा कुत्तों के झुंड ने घेर लिया। जिसका वीडियो वायरल होने के बाद जेपी ग्रीन्स सोसायटी के निवासी सामूहिक रूप से FMD ऑफिस पहुंचे। 

सुरक्षा के बढ़ते खतरों को लेकर वहां रह रहे लोगों ने कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया और अधिकारियों से मुलाकात कर अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। बता दें, सोसाइटी की देखरेख फैसिलिटी मैनेजमेंट डिपार्टमेंट (FMD) के पास है। 

अनुच्छेद 21 का दिया हवाला

सोसायटी के निवासियों ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21 (जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता का अधिकार) का उल्लेख करते हुए कहा कि हर नागरिक को सुरक्षित और गरिमापूर्ण वातावरण में रहने का मौलिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि यदि कॉमन एरिया जैसे पार्क, पार्किंग, सड़कें असुरक्षित हो जाते हैं और बार-बार सूचना देने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होती तो यह सरासर लापरवाही है। यह नागरिकों के मौलिक अधिकारों का भी उल्लंघन है। 

बता दें, सुप्रीम कोर्ट और विभिन्न उच्च न्यायालयों ने पशु कल्याण और मानव सुरक्षा के बीच संतुलन बनाए रखने पर जोर दिया है। इस पर वहां के लोगों का कहना है कि पशु संरक्षण महत्वपूर्ण है, लेकिन वह बच्चों, बुजुर्गों और परिवारों की सुरक्षा से ऊपर नहीं हो सकता।

5 दिनों के भीतर एक्शन लेने की मांग 

सोसायटी के लोगों ने FMD प्रशासन के सामने 5 दिनों के भीतर एक लिखित ऐक्शन प्लान की मांग की है, जिसमें कई मुद्दे शामिल हैं-

  • निवासियों की मुख्य मांग है कि आक्रामक और खतरनाक कुत्तों की पहचान कर नगर निकाय की मदद से उन्हें हटाया जाए। 
  • सभी कुत्तों की नसबंदी (ABC) और 100% एंटी-रेबीज वैक्सीनेशन सुनिश्चित कर इसकी रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए।
  • सोसायटी के कुत्तों पर GPS कॉलर लगाए जाएं ताकि उनकी निगरानी हो सके और नए या बाहरी कुत्तों की पहचान आसानी से की जा सके।
  • कुत्तों को खाना खिलाने के लिए केवल 5 निश्चित स्थान तय हों और पार्क, बेसमेंट पार्किंग और सड़कों पर खाना खिलाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।
  • सोसाइटी की बाउंड्री वॉल, दोनों पार्कों की पूरी तरह फेंसिंग और सभी खुले प्रवेश बिंदुओं की तुरंत मरम्मत की जाए 
  • सुरक्षा बढ़ाने के लिए एक्स्ट्रा CCTV कैमरेबढ़ाए जाएं, तेज रोशनी और सुरक्षा गार्डों की नियमित गश्त की व्यवस्था की जाए। 
  • नियमों का उल्लंघन कर कहीं भी खाना खिलाने वालों पर 5000 रुपये का जुर्माना लगाया जाए।

लोगों ने स्पष्ट किया है कि अगले 5 दिनों में प्रशासन की ओर से इस पर कोई ठोस कदम उठाया जाए या लिखित योजना पेश की जाए। ऐसान नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी है। स्थानीय प्रशासन और नगर निकाय को भी इस संबंध में सूचित किया जा रहा है।

ये भी पढ़ें:  AI Summit Shirtless Protest: IYC के महासचिव निगम भंडारी को नहीं मिली राहत, अग्रिम जमानत पर कोर्ट ने फैसला रखा सुरक्षित

Published By : Sagar Singh

पब्लिश्ड 26 February 2026 at 16:56 IST