Bihar: प्रशांत किशोर ने बताया बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा, उठाए सवाल- नीतीश कुमार की खुद नौकरी खत्म हो गई तो वो...
जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने नीतीश कुमार के इस्तीफे को लेकर कहा कि शारीरिक और मानसिक तौर पर नीतीश कुमार न चुनाव से पहले स्वस्थ थे और न अभी हैं। जानें अगले मुख्यमंत्री को लेकर पीके ने क्या कहा?
राज्यसभा के लिए चुने जाने के बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को विधान परिषद (MLC) के सदस्य पद से इस्तीफा दे दिया। उनके इस्तीफे के बाद अगले मुख्यमंत्री के नाम को लेकर प्रदेश की सियासी गलियारे में हलचल तेज हो गई है। आने वाले समय में प्रदेश की राजनीति में बड़ी उलटफेर की स्थिति देखने को मिल सकती है। अगले मुख्यमंत्री के तौर पर कई नामों पर अटकलें लगनी भी शुरू हो गई है। इस बीच प्रशांत कुमार ने बड़ी भविष्यवाणी की है।
जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने नीतीश कुमार के इस्तीफे को लेकर कहा कि "शारीरिक और मानसिक तौर पर नीतीश कुमार न चुनाव से पहले स्वस्थ थे और न अभी हैं। मैंने पहले भी कहा था। इसीलिए उन्हें हटाया जा रहा है। लेकिन बिहार की जनता के साथ विश्वासघात किसने किया? नीतीश कुमार ने या उनकी पार्टी और भाजपा ने किया।"
नीतीश कुमार के किए वादों को कौन पूरा करेगा?
पीके ने आगे कहा, "जिन्हें मालूम था कि वे स्वस्थ नहीं हैं, फिर भी बिहार की जनता को बेवकूफ बनाकर कहा कि यही तुम्हारे नेता हैं, इन्हें वोट दो तो ये युवाओं को 1 करोड़ नौकरियां देंगे। अब वो नौकरी क्या देंगे? उनका अपना ही नौकरी खत्म हो गया है। वो जा रहे हैं दिल्ली।" जिन लोगों ने नीतीश कुमार के नाम पर वोट मांगे और उन्हें स्वस्थ बताया, वे सभी बिहार के मतदाताओं के गुनहगार हैं। प्रशांत किशोर ने पूछा कि चुनाव के दौरान बड़ा मुद्दा बनाए गए 1 करोड़ नौकरियों के वादे को अब कौन पूरा करेगा?
प्रशांत किशोर ने बताया बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा?
वहीं, प्रदेश का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा? इस सवाल के जवाब में प्रशांत किशोर ने कहा, "बिहार में मुख्यमंत्री का चेहरा वो होगा जिसे प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह चाहेंगे। जिस व्यक्ति को 202 विधायकों का समर्थन होगा वो मुख्यमंत्री का पद छोड़कर राज्यसभा नहीं जाएगा। पीके ने यहां तक कह डाला कि मुख्यमंत्री चाहे जो भी होगा उसकी प्राथमिकता बिहार होगी ना की गुजरात। पहली बार ऐसा होगा जो बिहार को चला रहा होगा उसकी प्राथमिता ये होगी कि गुजरात की फैक्ट्रियों में मजदूर कम ना पड़े।
बता दें कि नीतीश कुमार के करीब 20 साल लंबे मुख्यमंत्री काल का यह संभावित अंत बिहार की राजनीति में एक युग का समापन माना जा रहा है। अब सभी की नजरें अगले मुख्यमंत्री के नाम और राज्य की नई सत्ता व्यवस्था पर टिकी हुई हैं। नवंबर 2025 में 10वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। उन्होंने 2005 से ही बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में प्रदेश की सेवा की है और सबसे अधिक बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने का रिकॉर्ड बनाया है।
Published By : Rupam Kumari
पब्लिश्ड 30 March 2026 at 13:54 IST