अपडेटेड 5 January 2026 at 07:49 IST
'संसद में आंकड़े क्यों नहीं पेश करते?', लव जिहाद पर मोहन भागवत के बयान पर ओवैसी का पलटवार, कहा- इसे डिफाइन करें BJP-RSS
Asaduddin Owaisi on RSS Chief Mohan Bhagwat statement on Love Jihad: लव जिहाद पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने बयान दिया था, जिस पर अब असदुद्दीन ओवैसी की प्रतिक्रिया आई है। उन्होंने BJP-RSS को घेरते हुए कहा है कि अगर लव जिहाद हो रहा है तो सरकार संसद में इसके आंकड़े क्यों नहीं पेश करती?
Asaduddin Owaisi news: लव जिहाद को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) चीफ मोहन भागवत के हालिया बयान पर AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा है कि अगर समाज में सच में ऐसा कुछ हो रहा है तो संघ और भाजपा को ठोस रिकॉर्ड और सबूत पेश करने चाहिए। ओवैसी ने पूछा कि संसद में इसके आंकड़े क्यों पेश नहीं किए जाते।
हाल ही में एक कार्यक्रम में RSS प्रमुख मोहन भागवत ने लव जिहाद के मुद्दे पर अपने विचार रखे थे। उनका कहना था कि इस समस्या की शुरुआत घरों से होती है। परिवारों में संवाद की कमी की वजह से ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं।
‘लव जिहाद हो रहा है तो…’
उनके इसी बयान पर अब असदुद्दीन ओवैसी की प्रतिक्रिया सामने आई। पत्रकारों से बात करते हुए AIMIM प्रमुख ने कहा, "अगर कोई बालिग है, 18 साल या 21 साल का और वे अपने फैसले खुद ले रहे हैं, तो यह मेरी पसंद या नापसंद की बात नहीं है। कानून उन्हें ऐसा करने की इजाजत देता है। और अगर लव जिहाद हो रहा है, तो आप संसद में डेटा क्यों नहीं देते? हमें पिछले 11 सालों का रिकॉर्ड दीजिए। आप जितने प्रदेशों में हो, उसका रिकॉर्ड दे दो।"
ओवैसी ने कहा कि BJP और मोहन भागवत को परिभाषित करना चाहिए कि लव जिहाद क्या है? जब आप लव जिहाद को डिफाइन करेंगे, तो फिर बीजेपी में ही ऐसे कई नेता हैं जिन्होंने इंटर रिलीजियस शादी की है, फिर उनको आप क्या बोलेंगे?
उन्होंने कहा कि मैं उनके प्राइवेट लाइफ पर कमेंट नहीं कर रहा हूं। ये गैर जरूरी है। इस देश के युवाओं को रोजगार की जरूरत है और आप उन्हें कहीं और ले जा रहे हैं।
मोहन भागवत ने क्या कहा था?
संघ प्रमुख मोहन भागवत ने भोपाल में आयोजित एक कार्यक्रम में लव जिहाद के मुद्दे को उठाया था। उन्होंने कहा था कि परिवार के सदस्यों के बीच मेलजोल और बातचीत न होने से बेटियां बहकावे में आ जाती हैं। भागवत ने तर्क दिया कि अगर घर में नियमित संवाद हो, तो धर्म और परंपरा के प्रति सम्मान खुद-ब-खुद विकसित होता है।
इस दौरान RSS प्रमुख की ओर से लव जिहाद रोकने के लिए तीन मुख्य कदम भी सुझाए गए थे, जिसमें परिवार के अंदर निरंतर संवाद बढ़ाना, लड़कियों में सावधानी और आत्मरक्षा की भावना पैदा करना। साथ ही ऐसे अपराध करने वालों के खिलाफ प्रभावी कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।
Published By : Ruchi Mehra
पब्लिश्ड 5 January 2026 at 07:49 IST