8th Pay Commission: क्या 18,000 रुपये से बढ़कर 69,000 रुपये हो जाएगी आपकी सैलरी? 8वें वेतन आयोग पर आ गया बड़ा अपडेट, जानिए क्या है प्रस्ताव
8th Pay Commission: 8वां वेतन आयोग अपनी रिपोर्ट तैयार करने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रहा है। रिपोर्ट तैयार करने के लिए आयोग ने विभिन्न संगठनों के साथ बैठकों का दौर शुरू कर दिया है।
8th Pay Commission: 8वां वेतन आयोग की तरफ से देश के करीब 45 लाख केंद्र सरकार के कर्मचारियों और लगभग 60 लाख पेंशनर्स के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। आयोग द्वारा रिपोर्ट तैयार करने का काम तेजी से चल रहा है।
आयोग ने इसके लिए जमीनी स्तर पर भी काम शुरू कर दिया है। आयोग इसके लिए अलग-अलग राज्यों का दौरा कर कर्मचारी यूनियनों और एसोसिएशन से मुलाकात कर रहा है, ताकि सभी मांगों और प्रस्तावों पर पर अच्छे से चर्चा किया जा सकें।
आयोग ने उत्तराखंड के साथ बैठक किया पूरा
बताया जा रहा है कि 8वें वेतन आयोग ने अपनी पहली आमने-सामने की बैठक उत्तराखंड के कर्मचारी संगठनों के साथ शुक्रवार को पूरा कर लिया। इसके बाद आयोग 28 से 30 अप्रैल के बीच दिल्ली में बड़ी बैठक कर सकता है। इसके अलावा, आयोग दिल्ली के बाद महाराष्ट्र में बैठक कर सकता है।
बेसिक सैलरी को लेकर क्या है मांग?
बताया जा रहा है कि आयोग सिर्फ बेसिक सैलरी ही नहीं, बल्कि ट्रांसपोर्ट अलाउंस (TA), हाउस रेंट अलाउंस (HRA) और अन्य सेवा शर्तों की भी समीक्षा कर रहा है। इन भत्तों में सुधार हो सकता है। इसके अलावा, बेसिक पे को भी बढ़ाने का प्रस्ताव रखा गया है। बताया जा रहा है कि आयोग ने मिनिमम बेसिक पे को 18000 रुपये से बढ़ाकर 69,000 रुपये करने का प्रस्ताव दिया गया है।
5 यूनिट की फैमिली में बदलाव
8वें वेतन आयोग में 5 यूनिट की फैमिली को लेकर भी बदलाव है, क्योंकि इससे पहले 3 यूनिट की फैमिली मानकर भत्ता तय किया जाता है। अब अब यूनियन की मांग 5 यूनिट की फैमिली मानकर किया जा रहा है। वहीं, महंगाई भत्ता का कैलकुलेशन 12 महीने के एवरेज को आधार बनाने का प्रस्ताव दिया गया है।
फिटमेंट फैक्टर को लेकर मांग
कर्मचारी संगठनों ने फिटमेंट फैक्टर को लेकर बड़ी मांग रखी है। कर्मचारियों द्वारा फिटमेंट फैक्टर को बढ़ाकर 3.833 करने की मांग की गई है। अगर यह मांग मान ली जाती है, तो कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में जबरदस्त उछाल आ सकता है।
8वां वेतन आयोग कब लागू होगा?
गौरतलब है कि जनवरी 2025 में सरकार द्वारा आयोग का गठन किया था, जिसे 18 महीने में अपनी रिपोर्ट पेश करनी हैं। वहीं, अभी 30 अप्रैल तक फीडबैक के लिए विंडो खुला हुआ है। इसके बाद रिपोर्ट सरकार को सौंपी जाएगी, जिसके बाद फैसला लिया जाएगा।
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 27 April 2026 at 23:05 IST