अपडेटेड 15 December 2024 at 10:18 IST
Parastoo Ahmadi: कौन है पारस्तू अहमदी, जिसकी ईरान में गिरफ्तारी के बाद चर्चा; हिजाब से जुड़ा है मसला
ईरान में हिजाब से जुड़े एक मामले में महिला सिंगर की गिरफ्तारी हो गई है। यूट्यूब पर महिला सिंगर ने वर्चुअल कॉन्सर्ट किया था और उस दौरान हिजाब नहीं पहना था।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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Iranian singer Parastoo Ahmadi arrested: ईरान में हिजाब को लेकर विवाद नया नहीं है। अक्सर हिजाब के खिलाफ आवाज उठती रही है। हालांकि हिजाब से जुड़े एक मामले में महिला सिंगर की गिरफ्तारी हो गई है। यूट्यूब पर महिला सिंगर ने वर्चुअल कॉन्सर्ट किया था और उस दौरान हिजाब नहीं पहना था। इसको लेकर ईरानी सिंगर पारस्तू अहमदी को गिरफ्तार कर लिया गया है। पारस्तू अहमदी के अलावा दो संगीतकारों को भी गिरफ्तार किया गया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, गुरुवार को न्यायपालिका ने अहमदी के कॉन्सर्ट प्रदर्शन के संबंध में मामला दर्ज किया था, जिसमें उसने बिना आस्तीन और कॉलर वाली लंबी काली पोशाक पहनी थी, लेकिन हिजाब नहीं पहना था। उसके साथ चार पुरुष संगीतकार थे। ईरानी वकील मिलाद पनाहिपुर ने बताया किपारस्तू अहमदी को शनिवार को उत्तरी प्रांत माजंदरान की राजधानी सारी शहर में गिरफ्तार किया गया।
कौन हैं पारस्तू अहमदी?
27 साल की पारस्तू अहमदी ईरान की एक सिंगर हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वो ईरान के नोशहर से ताल्लुक रखती हैं और सोरेह यूनिवर्सिटी से सिनेमा निर्देशन में डिग्री ली। फिलहाल यूट्यूब पर किए कॉन्सर्ट के बाद उनकी गिरफ्तारी हुई है, जिसकी दुनियाभर में चर्चा है।
कॉन्सर्ट से पहले अहमदी ने कही दिल की बात
अहमदी ने एक दिन पहले YouTube पर अपना कॉन्सर्ट पोस्ट करते हुए कहा था- 'मैं उन लोगों के लिए गाना चाहती हूं, जिन्हें मैं प्यार करती हूं। ये एक ऐसा अधिकार है जिसे मैं अनदेखा नहीं कर सकती। उस भूमि के लिए गाना जिसे मैं बहुत प्यार करती हूं।' अहमदी ने दर्शकों के बिना कॉन्सर्ट किया, लेकिन अपने YouTube चैनल पर इसका लाइव प्रसारण किया। ऑनलाइन कॉन्सर्ट को 1.4 मिलियन से ज्यादा बार देखा गया।
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ईरान में महिलाओं के गाने और हिजाब पर क्या है कानून?
अनिवार्य हिजाब कानून के साथ-साथ ईरान में महिलाओं को सार्वजनिक रूप से गाने की आजादी नहीं है। ईरानी और इस्लामी कानून के आधार पर महिलाओं को उन पुरुषों के सामने बिना हिजाब के आने की अनुमति नहीं है, जो उनके रिश्तेदार नहीं हैं। आसान शब्दों में कहें तो ईरान में हिजाब एक अनिवार्य पोशाक है और इसके उल्लंघन पर कड़ी सजा का प्रावधान भी है।
जब दुनिया आधुनिकता की ओर बढ़ रही है, ईरान ने हाल ही में हिजाब को लेकर अपने नियम और भी सख्त किए। ईरान में अनिवार्य नैतिकता कानूनों के तहत हिजाब ना पहनने पर भारी जुर्माना, कोड़े मारने की सजा या पांच से 15 साल तक की कैद शामिल है। ईरान के नए कानूनों में इस अपराध के लिए सजा-ए मौत भी हो सकती है। हालांकि 2022 में महसा अमीनी की मौत के बाद ईरान में हिजाब के खिलाफ विरोध की चिंगारी सुलगती रही है।
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Published By : Dalchand Kumar
पब्लिश्ड 15 December 2024 at 10:18 IST