ईरान सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई की सेहत को लेकर फिर लगी अटकलें, खुफिया प्रमुख की मौत पर जारी किया लिखित बयान
ईरान के सुप्रीम लीडर आयतोल्लाह मोजतबा खामेनेई ने रिवोल्यूशनरी गार्ड के इंटेलिजेंस चीफ मेजर जनरल माजिद खादेमी की मौत पर शोक जताया। उन्होंने कहा कि जनरल शहीदों की कतार में शामिल हो गए। इजरायली हमलों में ईरान के कई बड़े नेता मारे जा चुके हैं।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
- 3 min read

ईरान के नए सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह मोजतबा खामेनेई ने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के खुफिया प्रमुख मेजर जनरल माजिद खादेमी की मौत पर शोक व्यक्त किया है। खास बात ये है कि इस बार भी मोजतबा सामने नहीं आए, उन्होंने एक लिखित बयान जारी किया है। जिससे एक बाद फिर उनकी सेहत को लेकर अटकलें लगने लगी हैं।
राज्य टेलीविजन पर प्रसारित एक लिखित बयान में खामेनेई ने कहा कि खादेमी योद्धाओं और लड़ाकों की अटल पंक्ति में शामिल हो गए हैं, जो अपने जीवन की कुर्बानी देने के लिए तैयार रहते हैं। बता दें कि हाल के हफ्तों में इजरायली हमलों में ईरान के कई बड़े नेता मारे जा चुके हैं, जिनमें मोजतबा खामेनी के पिता पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई भी शामिल हैं।
मोजतबा खामेनेई यह बयान ऐसे समय में आया है, जब मोजतबा ने अपने पिता अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद सत्ता संभाली है। उनके पिता की मौत 28 फरवरी को इजरायली हमलों में हुई थी। मोजतबा खामेनेई उत्तराधिकार के बाद से सार्वजनिक रूप से नहीं दिखे हैं और न ही कोई बयान दिया है।
ईरान ने सीजफायर प्रस्ताव ठुकराया
ईरान ने हाल ही में दिए गए सीजफायर के प्रस्ताव को साफ तौर पर खारिज कर दिया है। राज्य मीडिया IRNA के मुताबिक, ईरान अब केवल स्थायी युद्ध समाप्ति चाहता है, कोई अस्थायी ठहराव नहीं। ईरान प्रतिबंध हटाने और हार्मुज पर नियंत्रण की मांग कर रहा है।
Advertisement
IRGC खुफिया प्रमुख की मौत
IRGC ने सोमवार को जानकारी देते हुए बताया कि मेजर जनरल सैयद माजिद खादेमी अमेरिका-इजरायल के हमले में शहीद हो गए। इजरायल ने इस हमले की पुष्टि की और रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने कहा कि आईआरजीसी के नेता नागरिकों पर हमला कर रहे थे, इसलिए आतंकवादियों के नेताओं को समाप्त किया जा रहा है। खादेमी आईआरजीसी की खुफिया इकाई के प्रमुख थे।
सोमवार को इजरायली हमलों में ईरान में 25 से अधिक लोग मारे गए। हमलों में तेहरान के आसपास आवासीय इलाकों और अन्य लक्ष्यों को निशाना बनाया गया। ईरान ने जवाब में इजरायल और उसके खाड़ी अरब पड़ोसियों पर मिसाइलें दागीं।
Advertisement
ट्रंप का अल्टीमेटम
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को मंगलवार रात तक का समय दिया है कि वह Strait of Hormuz दोबारा खोल दे। अगर ईरान ने ऐसा नहीं किया तो अमेरिका ईरान के पावर प्लांट और अन्य महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाएगा। ट्रंप ने चेतावनी दी कि ईरान को "पत्थर के युग" में धकेल दिया जाएगा।
यह संघर्ष 28 फरवरी 2026 को शुरू हुआ था, जब अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर बड़े पैमाने पर हमले किए थे। तब से दोनों तरफ से हमले जारी हैं, जिससे क्षेत्रीय तनाव बढ़ गया है और वैश्विक ऊर्जा संकट पैदा हो गया है। ईरान ने बार-बार कहा है कि ऐसे हमले उसकी इच्छाशक्ति को कमजोर नहीं कर सकते।