अपडेटेड 3 February 2026 at 09:12 IST
पीएम मोदी को बताया खास दोस्त, फिर किया रूस-यूक्रेन वॉर का जिक्र...ऐसे ही नहीं डोनाल्ड ट्रंप ने घटा दिया इतना टैरिफ, जानिए अंदर की पूरी कहानी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ फोन पर हुई बातचीत के बाद ट्रंप ने ट्रूथ सोशल पर पोस्ट कर बताया कि भारत पर लगने वाले भारी-भरकम 50 प्रतिशत टैरिफ को घटाकर अब महज 18 प्रतिशत कर दिया गया है।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के साथ एक महत्वपूर्ण ट्रेड डील की घोषणा कर दुनिया को चौंका दिया है। सोमवार रात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ फोन पर हुई बातचीत के बाद ट्रंप ने ट्रूथ सोशल पर पोस्ट कर बताया कि भारत पर लगने वाले भारी-भरकम 50 प्रतिशत टैरिफ को घटाकर अब महज 18 प्रतिशत कर दिया गया है। इस फैसले से 'मेड इन इंडिया' उत्पादों को अमेरिकी बाजार में बड़ी राहत मिली है। पीएम मोदी ने भी एक्स पर ट्रंप को धन्यवाद देते हुए इसकी पुष्टि की।
ट्रंप ने अपनी पोस्ट में लिखा, "आज सुबह भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बात करना मेरे लिए सौभाग्य की बात थी। वे मेरे सबसे घनिष्ठ मित्रों में शुमार हैं और अपने देश के एक मजबूत, सम्मानित नेता हैं। हमने व्यापार, रूस-यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने जैसे कई मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। भारत रूसी तेल की खरीद बंद करने के साथ ही अमेरिका और शायद वेनेजुएला से अधिक तेल आयात करने पर राजी हो गया है। इससे यूक्रेन युद्ध जल्द खत्म होगा, जहां हर सप्ताह हजारों जिंदगियां जा रही हैं।" ट्रंप ने आगे कहा कि भारत-अमेरिका के शानदार रिश्ते और मजबूत होंगे। "पीएम मोदी और मैं ऐसे लोग हैं जो वादे निभाते हैं। इसके लिए धन्यवाद!"
पीएम मोदी ने क्या कहा
इस ऐलान पर पीएम मोदी ने एक्स पर तुरंत प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा, "अपने प्रिय मित्र राष्ट्रपति ट्रंप से आज बात करके बेहद प्रसन्नता हुई। खुशी की बात है कि मेड इन इंडिया उत्पादों पर टैरिफ अब 18% तक कम हो जाएगा। इस शानदार फैसले के लिए भारत के 1.4 अरब नागरिकों की ओर से ट्रंप को हार्दिक धन्यवाद।" मोदी ने आगे कहा, "जब दो विशाल अर्थव्यवस्थाएं और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र एकजुट होते हैं, तो हमारे लोगों को लाभ मिलता है और द्विपक्षीय सहयोग के नए द्वार खुलते हैं। वैश्विक शांति व समृद्धि के लिए ट्रंप का नेतृत्व महत्वपूर्ण है। भारत उनके शांति प्रयासों का पूर्ण समर्थन करता है। इस साझेदारी को नई ऊंचाइयों पर ले जाने को उत्सुक हूं।"
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ट्रंप का अचानक 'नरमी' का राज क्या?
ट्रंप का यह फैसला कई रणनीतिक-अर्थव्यवस्थिक वजहों से प्रेरित लगता है। ट्रंप खुद को 'वैश्विक सौदेबाज' साबित करना चाहते हैं। भारत जैसी तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था के साथ डील उनके लिए राजनीतिक स्कोरिंग और आर्थिक लाभ दोनों लाएगी। हाल ही में भारत ने यूरोपीय संघ (ईयू) के साथ ऐतिहासिक ट्रेड समझौता किया, जिसमें 96% से अधिक उत्पादों पर टैरिफ कम या समाप्त करने का प्रावधान है। विशेषज्ञों का मानना है कि ईयू डील ने अमेरिका पर दबाव बनाया, ताकि वह भी प्रतिस्पर्धी शर्तों पर भारत से डील करे। इससे अमेरिकी निर्यात बढ़ेंगे और रूस की कमाई घटेगी।
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रूस-यूक्रेन युद्ध से जोड़ा गांठ, लेकिन भारत की नीति अटल?
ट्रंप ने डील को रूस-यूक्रेन युद्ध से लिंक किया। उनका कहना है कि भारत का रूसी तेल बंद होना युद्ध समाप्ति में मददगार साबित होगा। हालांकि, भारत की ऊर्जा नीति हमेशा राष्ट्रीय हितों पर आधारित रही है। फिलहाल ट्रंप का यह दावा एकतरफा प्रतीत हो रहा है।
ईयू डील का असर
जानकारों के अनुसार, भारत-अमेरिका डील का ढांचा ईयू समझौते जैसा हो सकता है। ज्यादातर उत्पादों पर टैरिफ कटौती, लेकिन कृषि जैसे संवेदनशील क्षेत्रों को संरक्षण। अंतरराष्ट्रीय व्यापार नियमों के तहत भारत को ईयू को दी गई छूट अमेरिका को भी देनी पड़ सकती है।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 3 February 2026 at 09:12 IST