अमेरिका का बड़ा एक्शन, रूस का साथ देने पर 15 देशों की 398 कंपनियां बैन; जानिए भारत शामिल या नहीं

रूस ने फरवरी 2022 में यूक्रेन पर हमला कर दिया था जिसके बाद अमेरिका की अगुवाई में कई पश्चिमी देशों ने रूस पर कई तरह के आर्थिक प्रतिबंध लगाए हुए हैं।

US President Joe Biden
United States President Joe Biden | Image: AP

अमेरिका ने बुधवार को भारत, रूस और चीन समेत करीब 15 देशों की 398 कंपनियों पर प्रतिबंध लगा दिया। उनपर यूक्रेन के खिलाफ जंग में उलझे रूस के युद्ध प्रयासों को मदद करने वाले उत्पाद एवं सेवाएं देने का आरोप है। अमेरिका के वित्त और विदेश विभागों की इस साझा कार्रवाई का मकसद ‘तीसरे पक्ष के उन देशों’ को दंडित करना है जिनपर रूस को भौतिक मदद पहुंचाने या यूक्रेन पर आक्रमण के बाद से लगाए गए पश्चिमी देशों के प्रतिबंधों से बचने में रूस की सहायता करने का आरोप है।

रूस ने फरवरी, 2022 में यूक्रेन पर हमला कर दिया था जिसके बाद अमेरिका की अगुवाई में कई पश्चिमी देशों ने रूस पर कई तरह के आर्थिक प्रतिबंध लगाए हुए हैं। अमेरिकी वित्त विभाग ने रूस के परोक्ष रूप से मददगार देशों से संबंधित 398 कंपनियों पर प्रतिबंध लगा दिया है। इनमें 274 कंपनियों पर रूस को उन्नत प्रौद्योगिकी देने का आरोप है। प्रतिबंध के दायरे में आने वाली कंपनियों में रूस स्थित रक्षा और विनिर्माण फर्में भी शामिल हैं। ये कंपनियां यूक्रेन के खिलाफ इस्तेमाल होने वाले हथियारों से संबद्ध उत्पादों का उत्पादन या परिष्करण करती हैं।

इसके अतिरिक्त अमेरिकी विदेश विभाग ने रूसी रक्षा मंत्रालय के कई वरिष्ठ अधिकारियों एवं रक्षा कंपनियों और चीन स्थित कंपनियों के एक समूह पर राजनयिक प्रतिबंध भी लगाए हैं। ये कंपनियां दोहरे इस्तेमाल वाले रक्षा उत्पादों के निर्यात से जुड़ी हैं। वित्त विभाग के उप मंत्री वैली एडेमो ने कहा कि अमेरिका और उसके सहयोगी रूस की युद्ध मशीन की ताकत कम करने और पश्चिमी प्रतिबंधों एवं निर्यात नियंत्रणों को दरकिनार करने के प्रयासों में सहायता करने की कोशिश करने वालों को रोकने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

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(PTI की खबर में सिर्फ हेडलाइन में बदलाव किया गया है)

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Published By :
Dalchand Kumar
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