अपडेटेड 14 February 2026 at 17:55 IST

AC खरीदने से पहले जान लें ये टिप्स, बिजली बिल आएगा कम और कूलिंग भी होगी ज्यादा

AC Tips: अगर आप नया AC खरीदने की सोच रहे हैं, तो नीचे दी गई जरूरी बातों को ध्यान में रखकर ही सही फैसला लें। इन टिप्स की मदद से आप सही AC चुन सकते हैं।

AC TIPS
Best AC Buying Guide | Image: AI

AC Tips: उत्तर भारत का मौसम देखकर ऐसा लग रहा है, जैसे जल्द ही गर्मियां शुरू हो जाएंगी। ऐसे में बढ़ती गर्मी के साथ AC की डिमांड भी बढ़ने लगती है। इसके बाद लोग जल्दबाजी में कुछ ऐसे मॉडल चुन लेते हैं, जो बिजली भी ज्यादा खाता है और कूलिंग भी कम देता है। ऐसे में हम आपको यहां बता रहे हैं कि कौन-से वो टिप्स हैं, जिनकी मदद से आप सही AC चुन सकते हैं।

बजट के हिसाब से लें AC

AC खरीदने से पहले आपको यह तय करना बेहद जरूरी है कि आपका बजट कितना है। 20,000 रुपये से शुरू होकर AC की कीमतें ब्रांड, टन और फीचर्स के आधार पर बढ़ती जाती हैं। ऐसे में बजट तय करने से आपको सही मॉडल और फीचर्स चुनने में आसानी होगी।

कमरे के हिसाब से चुनें एयर कंडीशनर

सबसे पहले AC की क्षमता इस बात पर निर्भर करती है कि वह किस साइज के कमरे में लगाया जा रहा है। छोटा AC बड़े कमरे को ठंडा नहीं कर पाएगा और जरूरत से ज्यादा टन वाला AC बेवजह बिजली खाएगा। आम तौर पर छोटे कमरे के लिए 1 टन, मध्यम के लिए 1.5 टन और बड़े कमरे के लिए 2 टन AC बेहतर माना जाता है। इसके अलावा कमरे में धूप कितनी आती है और कितने लोग बैठते हैं, यह भी कूलिंग पर असर डालता है।

ऐसे जानें कितना आएगा बिजली बिल?

AC पर लगी स्टार रेटिंग, जिसे अक्सर लोग इग्नोर कर देते हैं, वह सिर्फ स्टिकर नहीं बल्कि खर्च का भी संकेत है। 5 स्टार रेटिंग वाला AC कम बिजली खपत करता है। ऐसे में अगर AC रोज कई घंटे चलना है तो हाई स्टार रेटिंग मॉडल लेना समझदारी वाला फैसला होगा। कम स्टार वाला AC भले कीमत में सस्ता होता है लेकिन यह बिजली बहुत ज्यादा खर्च करता है।

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स्प्लिट या विंडो AC कौन-सा बेस्ट?

अगर आपके कमरे में जगह कम है, तो विंडो AC बेहतर विकल्प हो सकता है क्योंकि इसकी इंस्टॉलेशन आसान होती है। वहीं स्प्लिट AC दिखने में बेहतर और आवाज में शांत होता है, इसलिए बेडरूम और लिविंग रूम के लिए पसंद किया जाता है। इसका चुनाव जगह और जरूरत देखकर कर किया जाता है। यदि आप किराए के घर में रहते हैं तो आप विंडो एसी ले सकते हैं वहीं खुद के घर के लिए ले रहे हैं तो स्प्लिट एसी बेस्ट ऑप्शन हो सकता है।

इन्वर्टर AC या नॉन-इन्वर्टर

इन्वर्टर AC और नॉन-इन्वर्टर AC में मुख्य फर्क यह है कि इन्वर्टर AC अपनी कंप्रेसर स्पीड को जरूरत के हिसाब से एडजस्ट करता है, जिससे बिजली की बचत होती है। नॉन-इन्वर्टर AC बार-बार ऑन-ऑफ होता है, जिससे पावर खपत बढ़ती है।  लगातार इस्तेमाल करने वालों के लिए इन्वर्टर मॉडल बेहतर माना जाता है।

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Published By : Sagar Singh

पब्लिश्ड 14 February 2026 at 16:59 IST