VIDEO: और कितना जलील होगा पाकिस्तान? एशिया कप फाइनल जीतने के बाद भारतीय महिला टीम ने मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से किया इनकार, गूंजे 'चोर-चोर' के नारे
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने फाइनल मुकाबले में एकतरफा प्रदर्शन करते हुए आठवीं बार एशिया कप का खिताब अपने नाम किया। हालांकि, इस शानदार जीत के बावजूद मैच का असली आकर्षण खेल से ज्यादा 'ट्रॉफी समारोह' बन गया, जिसने पूरे मुकाबले की चर्चा को एक नया मोड़ दे दिया।
- खेल समाचार
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दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में रविवार 13 सितंबर को भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने श्रीलंका को 72 रनों से रौंदकर रिकॉर्ड आठवीं बार विमेंस एशिया कप का खिताब अपने नाम कर लिया। मैदान पर भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा साफ नजर आया, लेकिन मैच के बाद पुरस्कार समारोह के दौरान एक ऐसा घटनाक्रम देखने को मिला जिसने खेल से ज्यादा सुर्खियां बटोरीं। जिसका वीडियो वायरल हो रहा है।
नकवी से ट्रॉफी लेने से भारतीय टीम का इनकार
खिताबी मुकाबला खत्म होने के बाद एशियन क्रिकेट काउंसिल के अध्यक्ष और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के चेयरमैन मोहसिन नकवी प्रेजेंटेशन स्टेज पर मौजूद थे। हालांकि, भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर और उनकी टीम नकवी के हाथों ट्रॉफी लेने के लिए मंच पर नहीं आई। आखिरकार, नकवी ने श्रीलंका की कप्तान चमारी अटापट्टू को रनरअप का चेक सौंपा और वहां से रवाना हो गए।
'ट्रॉफी चोर' के नारों से गूंजा स्टेडियम
जैसे ही पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी स्टेडियम से बाहर निकलने लगे, दर्शकों ने 'ट्रॉफी चोर, ट्रॉफी चोर' के नारे लगाने शुरू कर दिए। यह नारा 2025 के मेन्स एशिया कप की याद दिलाता है, जब भारत के पाकिस्तान को हराने के बाद पुरस्कार समारोह में भारी देरी हुई थी। उस वक्त भी भारतीय टीम ने नकवी से ट्रॉफी नहीं ली थी और नकवी ट्रॉफी लेकर चले गए थे, जो आज भी दुबई स्थित ACC मुख्यालय में रखी है।
BCCI का रुख'फैसले पर कोई पछतावा नहीं'
विवाद गहराने पर BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने स्पष्ट किया कि महिला टीम ने पिछले साल पुरुष टीम द्वारा लिए गए फैसले के प्रति एकजुटता दिखाई है। उन्होंने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में BCCI अपना रुख नहीं बदल सकता है। मैच के दौरान रॉयल बॉक्स में बीसीसीआई उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला और देवजीत सैकिया के नकवी के साथ दिखने पर उठे सवालों का जवाब देते हुए सैकिया ने इसे एक सामान्य प्रोटोकॉल बताया। उन्होंने कहा कि रॉयल बॉक्स में बातचीत एक ट्रॉफी प्रेजेंटेशन से कोई लेना-देना नहीं था। सैकिया ने जोर देकर कहा कि भारत की प्राथमिकता ट्रॉफी हासिल करने का जरिया नहीं, बल्कि विमेंस एशिया कप जीतना था, जो टीम ने हासिल कर लिया।