ये लोग न खाएं चांदनी रात में रखी खीर, शरद पूर्णिमा के अगले दिन पहले करें ये काम
Sharad purnima 2024 kheer: शरद पूर्णिमा के अगले दिन यदि आप खीर का सेवन कर रहे हैं तो पहले जान लें खीर को खाने के नियम...
- धर्म और अध्यात्म
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Sharad purnima 2024 kheer: शरद पूर्णिमा पर खीर बनाकर उसे चांद की रोशनी में रखने का रिवाज है। बता दें कि मान्यता है, यदि इस खीर को शरद पूर्णिमा की चांद की छाया के नीचे पूरी रात रखा जाए और अगले दिन इसका सेवन किया जाए तो ऐसा करने से न केवल स्वास्थ्य से संबंधित समस्याएं दूर हो सकती हैं बल्कि व्यक्ति को चंद्र देव का आशीर्वाद भी प्राप्त होता है। शरद पूर्णिमा को आश्विन पूर्णिमा व्रत के नाम से भी जाना जाता है। ऐसे में यदि आपने भी पूरी रात खीर रखी है और उसे खाने जा रहे हैं तो सबसे पहले उसके नियमों के बारे में जान लें।
आज का हमारा लेख इसी विषय पर है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि शरद पूर्णिमा पर खीर खाने के क्या नियम हैं। पढ़ते हैं आगे…
खीर खाने के नियम
- शरद पूर्णिमा के अगले दिन सबसे पहले आप स्नान आदि करके इस खीर का प्रसाद ठाकुर जी को लगाएं। उसके बाद अपने परिवार वालों के साथ इसका सेवन करें। बता दें कि इस खीर को खाने से कुंडली में चंद्रमा का दोष भी दूर होता है। इसके अलावा मन और मस्तिष्क स्थिर रहता है। व्यक्ति को मानसिक शांति का अनुभव होता है।
- व्यक्ति जूठे मुंह इस खीर का सेवन न करें। खीर खाने से पहले या तो ब्रश कर ले या फिर कुल्ला करे, उसके बाद ही खीर का सेवन करें।
- जूठे हाथों से खीर को नहीं छूना चाहिए। मान्यता है कि इस खीर में चांद से निकलने वाली अमृत की बूंदे गिरती हैं, जिससे यह खीर प्रसाद का रूप ले लेती है। ऐसे में जूठे हाथों से इस खीर को न छुएं।
- इस खीर को खाने से पहले इसको गर्म भी ना करें। कुछ लोग खीर को गर्म करके उसमें अधिक दूध डालकर उसे पतली कर कर खाते हैं। पर ऐसा करने से इसके अंदर समाए औषधी गुण खत्म हो सकते हैं। ऐसे में इस खीर में बिना कुछ जोड़े, इसका सेवन करें।
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ अलग-अलग सूचना और मान्यताओं पर आधारित है। REPUBLIC BHARAT इस आर्टिकल में दी गई किसी भी जानकारी की सत्यता और प्रमाणिकता का दावा नहीं करता है।