Shani Pradosh Vrat 2026 Kab Hai: शनि प्रदोष व्रत कब रखा जाएगा? जानें पूजा का शुभ मुहूर्त और महत्व
Shani Pradosh Vrat 2026 Kab Hai: हिंदू धर्म में शनि प्रदोष व्रत को बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। अब ऐसे में इस साल यह व्रत कब रखा जाएगा? आइए जानते हैं।
- धर्म और अध्यात्म
- 2 min read

Shani Pradosh Vrat 2026 Kab Hai: हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत का विशेष महत्व है, जो भगवान शिव की असीम कृपा प्राप्त करने का सबसे उत्तम दिन माना जाता है। जब प्रदोष व्रत शनिवार के दिन पड़ता है, तो उसे 'शनि प्रदोष व्रत' कहा जाता है। यह व्रत भगवान शिव और शनि देव दोनों की आराधना के लिए अत्यंत फलदायी माना गया है। अब ऐसे में इस साल शनि प्रदोष व्रत कब रखा जाएगा और पूजा का शुभ मुहूर्त और महत्व क्या है? आइए जानते हैं।
शनि प्रदोष व्रत कब रखा जाएगा?
पंचांग के अनुसार, जून 2026 में ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि का विशेष संयोग बन रहा है। शनि प्रदोष व्रत 27 जून 2026, शनिवार को रखा जाएगा।
- त्रयोदशी तिथि का प्रारंभ- 26 जून 2026 को रात 10:22 बजे से।
- त्रयोदशी तिथि की समाप्ति- 28 जून 2026 को रात 12:43 बजे तक।
- पूजा का शुभ मुहूर्त (प्रदोष काल)- 27 जून 2026 को शाम 07:20 बजे से रात 09:29 बजे तक।
- साध्य योग- सुबह से दोपहर 12:32 PM तक
- शुभ योग- दोपहर 12:32 PM से शुरू
- रवि योग- रात 10:11 PM से अगले दिन (28 जून) सुबह 05:26 AM तक
शनि प्रदोष व्रत का महत्व
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शनि प्रदोष व्रत रखने से जीवन की तमाम बाधाएं दूर होती हैं। जो लोग शनि की साढ़े साती, ढैय्या या शनि दोष से पीड़ित हैं, उनके लिए यह व्रत किसी वरदान से कम नहीं है। यह व्रत न केवल आर्थिक तंगी और करियर में आ रही रुकावटों को दूर करता है, बल्कि मानसिक शांति और आत्मिक उन्नति का मार्ग भी प्रशस्त करता है। इस दिन महादेव और शनि देव की विधि-विधान से पूजा करने से व्यक्ति के पिछले जन्मों के दोषों का भी निवारण होता है।
ये भी पढ़ें - रूस पर 2 साल का सबसे बड़ा अटैक, ऑयल रिफाइनरी में भीषण धमाका; मॉस्को के सभी एयरपोर्ट बंद, मॉल और अपार्टमेंट बिल्डिंग तबाह
Advertisement
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ अलग-अलग सूचना और मान्यताओं पर आधारित है। REPUBLIC BHARAT इस आर्टिकल में दी गई किसी भी जानकारी की सत्यता और प्रमाणिकता का दावा नहीं करता है।