अपडेटेड 17 March 2026 at 16:35 IST
Chaitra Navratri 2026: चैत्र नवरात्रि पर मां डोली या हाथी किसपर आएंगी? जानें शुभ रहेगा या अशुभ
Chaitra Navratri 2026: हिंदू धर्म में चैत्र नवरात्रि को बेहद शुभ माना जाता है। अब ऐसे में इस साल मां दुर्गा डोली या हाथी किसपर सवार होकर आएंगी? आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं।
- धर्म और अध्यात्म
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Chaitra Navratri 2026: हिंदू धर्म में नवरात्रि का पर्व न केवल आस्था और शक्ति की उपासना का प्रतीक है, बल्कि यह आने वाले समय के पूर्वानुमानों का भी आधार माना जाता है। वर्ष 2026 में चैत्र नवरात्रि का आगाज 19 मार्च, गुरुवार से हो रहा है। ज्योतिष शास्त्र और प्राचीन ग्रंथों के अनुसार, नवरात्रि किस दिन से शुरू हो रही है, उसी आधार पर मां दुर्गा के 'आगमन' का वाहन तय होता है।
इस साल मां दुर्गा डोली पर सवार होकर आ रही हैं। आइए जानते हैं क्या है इसका धार्मिक महत्व और यह दुनिया के लिए शुभ संकेत है या अशुभ।
19 मार्च से शुरू हो रही है चैत्र नवरात्रि
चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से हिंदू नववर्ष का भी आरंभ होता है। 2026 में 19 मार्च को घटस्थापना का विशेष मुहूर्त है:
घटस्थापना मुहूर्त- सुबह 06:52 से 07:43 बजे तक।
अभिजीत मुहूर्त- दोपहर 12:05 से 12:53 बजे तक।
मां दुर्गा का डोली पर आगमन क्या कहता है शास्त्र?
देवी भागवत पुराण के एक प्रसिद्ध श्लोक के अनुसार शशि सूर्य गजे रूढ़ा शनि भौमे च घोटके। गुरौ शुक्रे च दोलायां बुधे नौका प्रकीर्तिता॥
इसका अर्थ है कि यदि नवरात्रि का प्रारंभ गुरुवार या शुक्रवार को हो, तो माता रानी का आगमन दोला यानी डोली पर होता है। डोली को स्थिरता का नहीं, बल्कि गतिशीलता और मानवीय कंधों पर आधारित सवारी माना जाता है। ज्योतिषीय दृष्टिकोण से मां दुर्गा का डोली पर आना बहुत शुभ नहीं माना जाता है। डोली पर आगमन को स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से संवेदनशील माना जाता है। यह विश्व स्तर पर नई बीमारियों या संक्रमण फैलने का संकेत दे सकता है। इसे शासन और प्रशासन में उथल-पुथल या बड़े बदलावों का प्रतीक माना गया है।अर्थव्यवस्था में सुस्ती या अनिश्चितता का माहौल बन सकता है।
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मां दुर्गा का प्रस्थान हाथी पर इसका क्या मतलब है?
माता का प्रस्थान हाथी पर हो रहा है। चूंकि विदाई शुक्रवार 27 मार्च को है, इसलिए मां हाथी पर सवार होकर वापस लौटेंगी। हाथी पर प्रस्थान अत्यधिक शुभ माना जाता है, जो अच्छी वर्षा, बेहतर कृषि और भविष्य में खुशहाली का संकेत है। अंत सुखद होगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और अच्छी बारिश होगी।
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Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ अलग-अलग सूचना और मान्यताओं पर आधारित है। REPUBLIC BHARAT इस आर्टिकल में दी गई किसी भी जानकारी की सत्यता और प्रमाणिकता का दावा नहीं करता है।
Published By : Aarya Pandey
पब्लिश्ड 17 March 2026 at 16:35 IST