Metro University: कहां बनेगी 26 एकड़ भूमि पर मेट्रो यूनिवर्सिटी, क्या होगी पढ़ाई? जिसके लिए योगी कैबिनेट ने दी है हरी झंडी
नोएडा में 26.1 एकड़ पर मेट्रो विश्वविद्यालय बनने जा रहा है। योगी कैबिनेट ने आखिरकार इस प्रस्ताव को पास कर दिया है, इससे छात्रों को आधुनिक शिक्षा का नया अवसर मिलेगा। साथ ही नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, अलीगढ़, मथुरा और आगरा के छात्रों को भी इससे बड़ा फायदा मिलेगा। पढ़ें पूरी खबर।
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Noida Metro University: नोएडा के निवासियों के लिए अच्छी खबर आई है। यहां योगी सरकार ने एक और बड़ी सौगात दी है। कैबिनेट बैठक में 'मेट्रो विश्वविद्यालय' बनाने का प्रस्ताव मंजूर हो गया है। बतादें ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने पहले ही 26.1 एकड़ जमीन तलाश ली थी। अब इस पर विश्वविद्यालय बनने का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है।
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कैबिनेट की मंजूरी के बाद बताया कि सनहिल हेल्थकेयर प्राइवेट लिमिटेड, नोएडा ने यह प्रस्ताव दिया था। कैबिनेट ने इसे पास कर दिया। इसके लिए उत्तर प्रदेश निजी विश्वविद्यालय (संशोधन) अध्यादेश, 2026 लागू होगा। संस्था को संचालन का अधिकार पत्र मिल जाएगा। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने इस निजी विश्वविद्यालय के लिए जमीन आवंटित की है। वहीं इस जमीन पर अब जल्द ही विश्वविद्यालय बनने की तैयारी शुरू कर दी जाएगी।
मेट्रो विश्वविद्यालय से मिलेगा बड़ा फायदा
यह विश्वविद्यालय बनने से नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, अलीगढ़, मथुरा और आगरा के छात्रों को आधुनिक और रोजगार से जुड़ी शिक्षा आसानी से मिल सकेगी। दिल्ली-NCR के छात्रों के लिए भी यह सुविधाजनक होगा। प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा के अवसर बढ़ेंगे। निजी निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा। योगी सरकार उच्च शिक्षा के विस्तार और निजी भागीदारी को लगातार प्रोत्साहित कर रही है।
योगी कैबिनेट कई अहम फैसले लिए
मिली जानकारी के मुताबिक, बैठक में कुल 22 प्रस्ताव पास किए गए हैं। इनमें गोरखपुर के कैंपियरगंज में वानिकी एवं प्रौद्योगिकी यूनिवर्सिटी खोलने को भी हरी झंडी मिली। इस यूनिवर्सिटी पर 491 करोड़ रुपये खर्च होंगे और 50 हेक्टेयर भूमि दी जाएगी। शिक्षा क्षेत्र में ये फैसले युवाओं के भविष्य को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं। नोएडा में मेट्रो विश्वविद्यालय के बाद स्थानीय स्तर पर बेहतर शिक्षा का नया केंद्र तैयार होगा। कैबिनेट की मंजूरी के बाद अब निर्माण कार्य तेजी से शुरू होने की उम्मीद है।