महाकुंभः माघी पूर्णिमा पर प्रयागराज में उमड़ा जनसैलाब, 73.60 लाख लोगों ने पवित्र संगम में लगाई डुबकी

महाकुंभ के पांचवे स्नान पर्व माघी पूर्णिमा पर बुधवार को सुबह छह बजे तक करीब 73.60 लाख लोगों ने गंगा और संगम में डुबकी लगाई। गंगा और संगम घाट पर बुधवार तड़के से ही विभिन्न स्थानों से लोग जुटना शुरू हो गए।

Follow : Google News Icon  
mahakumbh prayagraj 2025
mahakumbh prayagraj 2025 | Image: Republic

महाकुंभ के पांचवे स्नान पर्व माघी पूर्णिमा पर बुधवार को सुबह छह बजे तक करीब 73.60 लाख लोगों ने गंगा और संगम में डुबकी लगाई। गंगा और संगम घाट पर बुधवार तड़के से ही विभिन्न स्थानों से लोग जुटना शुरू हो गए। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। मेला प्रशासन ने सभी कल्पवासियों से यातायात नियमों का पालन करने और केवल अधिकृत पार्किंग का उपयोग करने का अनुरोध किया है।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार सुबह चार बजे से ही लखनऊ में अपने आधिकारिक आवास में स्थापित ‘वॉर रूम’ से मेला क्षेत्र की निगरानी करते रहे। उनके साथ पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) प्रशांत कुमार, प्रमुख सचिव (गृह) संजय प्रसाद और अन्य अधिकारी भी मौजूद हैं।

मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर माघी पूर्णिमा की बधाई देते हुए कहा, ‘‘महाकुंभ में आज पवित्र त्रिवेणी में पुण्य स्नान के लिए पधारे सभी पूज्य साधु संतों, धर्माचार्यों, कल्पवासियों और श्रद्धालुओं का हार्दिक अभिनंदन। भगवान श्री हरि की कृपा से सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य का वास हो। मां गंगा, यमुना और सरस्वती सभी के मनोरथ पूर्ण करें, यही कामना है।’’ महाकुंभ मेले में कल्पवास कर रहे करीब 10 लाख लोगों का संकल्प माघी पूर्णिमा स्नान के साथ आज पूरा हो जाएगा और वे अपने अपने घरों को लौटना शुरू करेंगे।

कल्पवासियों का संकल्प आज हुआ पूरा

‘त्रिवेणी संगम आरती सेवा समिति’ के संस्थापक और तीर्थ पुरोहित राजेंद्र मिश्रा ने बताया, ‘‘पिछली पूर्णिमा पर कल्पवास का संकल्प लेने वाले कल्पवासियों का संकल्प आज पूरा हो रहा है। उन्होंने एक महीने तक सभी यम, नियम और संयम, आदर्श सात्विक जीवन का अक्षरशः पालन करने, भूमि पर शयन करने, तीन बार स्नान करने, स्वयं भोजन बनाकर एक समय भोजन करने, यथोचित दान करने और गुरु की वाणी का श्रवण करने का संकल्प लिया था।’’

Advertisement

घरों की ओर प्रस्थान करेंगे कल्पवासी

उन्होंने बताया, ‘‘आज वे मां गंगा का पूजन, दीपदान करके उस संकल्प से मुक्त होंगे और दिशाशूल को देखते हुए अपने घरों की ओर प्रस्थान करेंगे। कोई आज प्रस्थान करेगा तो कोई कल या परसों प्रस्थान करेगा। दो से तीन दिनों में सभी कल्पवासी प्रस्थान कर जाएंगे।’’ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कुंभ राजेश द्विवेदी ने कहा, ‘‘श्रद्धालुओं का आवागमन सुचारू रूप से जारी है और हम भीड़ वाली सभी जगहों पर सतर्कता बरत रहे हैं। हमने इस बार सभी व्यवस्थाएं और अधिक मजबूत की हैं।’’

प्रयागराज शहर नो व्हीकल जोन

अधिकारियों के मुताबिक, प्रयागराज आने वाले श्रद्धालुओं के निजी और सार्वजनिक वाहनों को 11 फरवरी को सुबह चार बजे के बाद संबंधित रूट की पार्किंग में पार्क कराया जाएगा ताकि शहर में यातायात अव्यवस्था नहीं हो और श्रद्धालु पैदल सुगमता से स्नान घाटों तक पहुंच सकें। उन्होंने बताया कि श्रद्धालुओं के आवागमन को सुगम बनाने के लिए प्रशासन ने 11 फरवरी की शाम पांच बजे से पूरे प्रयागराज शहर को भी ‘नो व्हीकल जोन’ घोषित किया है। केवल आपातकालीन सेवाओं को इस प्रतिबंध से छूट दी जाएगी।

Advertisement

यह भी पढ़ें: Mahakumbh: अमृत स्नान के लिए उमड़ा जनसैलाब, मॉनिटरिंग कर रहे CM योगी

Published By :
Rupam Kumari
पब्लिश्ड