"अब और न सताया जाए..." झांसी जेल शिफ्ट होते ही गिड़गिड़ाया माफिया अतीक का बेटा अली अहमद, कहा- मुख्यमंत्री जी बचा लें...

अली अहमद नैनी सेंट्रल जेल की हाई सिक्योरिटी बैरक में बंद था। अब उसे झांसी जेल शिफ्ट किया गया है। झांसी जेल पहुंचते ही अली ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से गुहार लगाते हुए कहा कि जो होना था सो हो गया, अब और न सताया जाए।

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UP News : उत्तर प्रदेश के चर्चित उमेश पाल हत्याकांड में आरोपी और माफिया डॉन अतीक अहमद के बेटे अली अहमद को नैनी सेंट्रल जेल से झांसी जिला कारागार में शिफ्ट कर दिया गया है। इस ट्रांसफर के दौरान अली ने कैमरे के सामने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भावुक अपील की, जिसमें उसने अपनी सुरक्षा की मांग की है। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब अली पर रंगदारी और हत्याकांड की साजिश रचने के गंभीर आरोप लगे हुए हैं।

2023 में हुए उमेश पाल हत्याकांड में अली को मुख्य आरोपियों में से एक माना जाता है। इस मामले में अली पर प्रॉपर्टी डीलर से 5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने और हत्या की साजिश रचने के आरोप हैं। अली को नैनी जेल से झांसी जेल शिफ्ट करने का आदेश शासन स्तर से आया था। अली को कड़ी सुरक्षा के बीच बुधवार सुबह प्रयागराज से झांसी ले जाया गया। इस दौरान जेल पहुंचने पर अली ने मीडिया से बातचीत करते हुए सीएम योगी से बचाने की गुहार लगाई।

"हमें बचा लो मुख्यमंत्री जी..."

अली अहमद 38 महीने से नैनी सेंट्रल जेल की हाई सिक्योरिटी बैरक में बंद था। अब प्रयागराज से 420 किलोमीटर दूर झांसी जेल शिफ्ट किया गया है। झांसी जेल पहुंचते ही अली ने कैमरे के सामने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से गुहार लगाई। उसने कहा-

"जो होना था सो हो गया, अब फर्जी सताया जा रहा है। मीडिया के माध्यम से मुख्यमंत्री जी से निवेदन है कि अब और न सताया जाए, जो कुछ हो गया सो हो गया। जो अन्यथा सताया जा रहा है, उससे बचा लें मुख्यमंत्री जी"।

अली की यह अपील ऐसे समय में आई है जब अतीक अहमद परिवार से जुड़े कई मामले अभी भी अदालत में लंबित हैं और परिवार के सदस्यों पर अलग-अलग आरोप लगे हुए हैं। अली की यह गुहार पुलिस के डर को दर्शाती है।

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बैरक से मिले 1100 रुपये

नैनी जेल में रहते हुए अली अहमद कई बार चर्चा में रहा है। जून 2025 में उसकी बैरक से 1100 रुपये नकदी बरामद हुई थी। इस घटना के बाद शासन ने सख्त रुख अपनाते हुए एक डिप्टी जेलर और एक हेड वार्डर को निलंबित कर दिया था। इसके बाद अली को हाई सिक्योरिटी बैरक में शिफ्ट कर दिया गया। आरोप है कि कई संदिग्ध लोग उससे जेल में मिलने आते थे।

लखनऊ जेल में बंद है भाई उमर

उमेश पाल हत्याकांड में अतीक का दूसरा बेटा मोहम्मद उमर भी आरोपी है, जो लखनऊ जेल में बंद है। जबकि छोटा बेटा असद पुलिस एनकाउंटर में मारा जा चुका है। इस केस के अन्य तीन आरोपी अब भी फरार चल रहे हैं। अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की 15 अप्रैल, 2023 को प्रयागराज के कॉल्विन अस्पताल में तीन हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। वहीं, अतीक की पत्नी शाइस्ता परवीन, अशरफ की पत्नी जैनब फातिमा और बहन अभी भी फरार हैं और उन पर इनाम घोषित है।

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Published By:
 Sagar Singh
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