लोकसभा में डोकलाम मुद्दे पर जोरदार हंगामा, राहुल गांधी के बयान पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बोले- सदन को गुमराह ना करें

Rahul Gandhi in Lok sabha: लोकसभा में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के डोकलाम के मुद्दे पर एक बयान को लेकर जोरदार हंगामा हो गया। उनके बयान पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आपत्ति जताई।

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Rahul Gandhi
राहुल गांधी | Image: YouTube

Lok Sabha: लोकसभा में सोमवार (2 फरवरी) को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान विपक्ष के नेता राहुल गांधी के एक बयान पर भारी हंगामा हो गया। राहुल ने डोकलाम के मुद्दे पर और चीनी घुसपैठ को लेकर कुछ ऐसा कह दिया कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से लेकर गृह मंत्री अमित शाह भड़क गए। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राहुल के बयान को गलत बताया और कहा कि आप सदन को गुमराह न करें।

राहुल का रेफरेंस गलत है- राजनाथ सिंह

दरअसल, राहुल गांधी ने डोकलाम पर बोलते हुए पूर्व सेनाध्यक्ष जनरल नरवणे की एक किताब के कोट का उल्लेख किया और कहा कि उनका सोर्स भरोसेमंद है। जिस पर राजनाथ सिंह ने आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि जिस किताब की बात कर रहे हैं, वह प्रकाशित नहीं हुई है। अगर प्रकाशित हुई है तब आप उसका उल्लेख करें, नहीं प्रकाशित हुई है तो उसका उल्लेख करने का कोई औचित्य नहीं है। राहुल का रेफरेंस गलत है।

लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने राहुल को रोकते हुए कहा कि जो किताब प्रकाशित ही नहीं हुई, उसके बारे में संसद में बात नहीं की जा सकती है। सदन के कुछ नियम और परंपरा है। गृह मंत्री अमित शाह ने भी आपत्ति जताते हुए कहा कि राहुल गांधी को बताना चाहिए यह पुस्तक प्रकाशित हुई या नहीं। राहुल ने आरोप लगाया कि यह किताब सरकार प्रकाशित नहीं होने दे रही है। 

राजनाथ ने राहुल पर बरसते हुए कहा आप सदन को गुमराह करने की कोशिश न करें। यहां अनावश्यक बातों का उल्लेख नहीं किया जाना चाहिए। कोई प्रामाणिक स्रोत तो चाहिए। जिस किताब का उल्लेख ये कर रहे हैं वो आज तक प्रकाशित ही नहीं है। तो वो उल्लेख कहां से कर रहे हैं, मैं यह जानना चाहता हूं।

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सदन में बहस कानूनों के हिसाब से होनी चाहिए- किरेन रिजिजू

लोकसभा में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, “स्पीकर ने फैसला दिया है कि मैगजीन या अखबारों के आर्टिकल को सदन में कोट नहीं किया जा सकता। सदन में बहस कानूनों के हिसाब से होनी चाहिए।”

स्पीकर और मंत्रियों की आपत्तियों के बावजूद राहुल गांधी अपने बयान पर कायम रहे। उन्होंने किताब को "100 फीसदी ऑथेंटिक" बताया। उन्होंने यह भी कहा कि इसमें ऐसा क्या है जो उन्हें इतना डरा रहा है? अगर वे डरे हुए नहीं हैं, तो मुझे इसे पढ़ने की इजाज़त मिलनी चाहिए।

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Published By:
 Ruchi Mehra
पब्लिश्ड