UP PET 2026: 35 लाख से अधिक परीक्षार्थी होंगे शामिल, CM योगी ने सुरक्षा और यातायात को लेकर दिए सख्त आदेश
उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) द्वारा UP PET परीक्षा की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। यह परीक्षा तीन अलग-अलग तिथियों 25 अक्टूबर, 30 अक्टूबर और 1 नवंबर को आयोजित की जाएगी।
- भारत
- 2 min read

उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) द्वारा आयोजित की जाने वाली प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (UP PET) 2026 को पारदर्शी, सुरक्षित और सुचारु रूप से संपन्न कराने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने कमर कस ली है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद कमान संभालते हुए प्रशासनिक अधिकारियों को परीक्षा की तैयारियों को लेकर सख्त और स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं।
आपको बता दें, लाखों अभ्यर्थियों की सहभागिता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था से लेकर उनके आवागमन और ठहरने तक के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं, ताकि किसी भी उम्मीदवार को असुविधा का सामना न करना पड़े।
तीन दिनों में होगी परीक्षा, 35 लाख से अधिक परीक्षार्थी होंगे शामिल
इस बार UP PET परीक्षा का आयोजन प्रदेश भर में तीन निर्धारित तिथियों 25 अक्टूबर, 30 अक्टूबर और 1 नवंबर 2026 को किया जाएगा।
कुल पंजीकृत अभ्यर्थी- 35,41,297
परीक्षा केंद्र- 1,372 (प्रदेश के 60 जिलों में)
परीक्षा का समय (दो शिफ्ट)
पहली - सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक
दूसरी पाली - दोपहर 03:00 बजे से शाम 05:00 बजे तक
Advertisement
कड़ी सुरक्षा और हाई-टेक निगरानी
परीक्षा में किसी भी प्रकार की धांधली या अव्यवस्था को रोकने के लिए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा योजना तैयार की है।
सभी परीक्षा केंद्रों को सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में रखा गया है।
रेलवे स्टेशनों, प्रमुख बस अड्डों और मुख्य चौराहों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहेगा, ताकि ट्रैफिक जाम की स्थिति न बने।
परीक्षा केंद्रों पर सुचारु व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की सीधी जवाबदेही तय की गई है।
परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम
दूसरे जिलों से यात्रा करके आने वाले लाखों परीक्षार्थियों, खासकर महिला अभ्यर्थियों, की सहभागिता को आसान बनाने के लिए विशेष दिशा-निर्देश दिए गए हैं:
रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर एक्स्ट्रा बसों की व्यवस्था और अभ्यर्थियों के ठहरने के सुलभ साधन सुनिश्चित किए जा रहे हैं।
महिला उम्मीदवारों के मार्गदर्शन और सहायता के लिए प्रमुख सार्वजनिक स्थलों एवं परीक्षा केंद्रों पर विशेष 'हेल्प डेस्क' स्थापित किए जाएंगे।
स्थानीय प्रशासन को यह सुनिश्चित करने का आदेश है कि केंद्र तक पहुंचने में अभ्यर्थियों को अंतिम समय में कोई परेशानी न हो।