अपडेटेड 8 March 2025 at 14:18 IST
स्पाइसजेट के खिलाफ तीन विमान पट्टेदारों, पूर्व पायलट ने दीवाला याचिका दायर की
एयरलाइन स्पाइसजेट को नई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि आयरलैंड के तीन विमान पट्टेदारों और एक पूर्व पायलट ने उसके खिलाफ एनसीएलटी में दिवाला याचिका दायर की है।
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एयरलाइन स्पाइसजेट को नई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि आयरलैंड के तीन विमान पट्टेदारों और एक पूर्व पायलट ने उसके खिलाफ एनसीएलटी में दिवाला याचिका दायर की है, जिसमें चूक का दावा किया गया है। तीन विमान पट्टा कंपनियों - एनजीएफ अल्फा, एनजीएफ जेनेसिस और एनजीएफ चार्ली ने आईबीसी की धारा 9 के तहत याचिका दायर की है, जिसमें स्पाइसजेट के खिलाफ दिवाला कार्यवाही शुरू करने की मांग की गई है। याचिका में कुल 1.26 करोड़ डॉलर (लगभग 110 करोड़ रुपये) का बकाया होने का दावा किया गया है।
स्पाइसजेट ने इसी सप्ताह राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) की कार्यवाही के दौरान मामले को सुलझाने के लिए कुछ समय मांगा था, क्योंकि निपटान वार्ता चल रही थी। एनसीएलटी ने एक आदेश में कहा, “परिचालन ऋणदाता (स्पाइसजेट) की ओर से वकील मौजूद हैं और मामले में भविष्य में की जाने वाली कार्रवाई के बारे में निर्देश प्राप्त करने के लिए समय मांगा है।” न्यायाधिकरण ने तीनों याचिकाओं को अगली सुनवाई के लिए सात अप्रैल, 2025 को सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया।
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पट्टेदारों ने पहले स्पाइसजेट को पांच बोइंग 737 पट्टे पर दिए थे। उन्होंने स्पाइसजेट को कानूनी नोटिस भेजा था, जिसमें उन्होंने इंजन सहित विमान के कुछ हिस्सों की चोरी और उन्हें दूसरे विमानों में इस्तेमाल करने का आरोप लगाया था। इसके अलावा, पायलट द्वारा दायर याचिका के संबंध में, दो सदस्यीय एनसीएलटी पीठ ने पूछा कि क्या दिवाला एवं ऋण शोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) की धारा 10ए के तहत पायलट के दावों पर रोक है। एनसीएलटी ने कहा, “परिचालन ऋणदाता की ओर से वकील मौजूद हैं और उन्होंने विशेष रूप से कुछ दावा राशि के संबंध में धारा 10ए की प्रयोज्यता और सीमा के मुद्दे के संबंध में मुद्दे की जांच करने के लिए समय मांगा है। इसे देखते हुए मामले को 15 अप्रैल, 2025 को सूचीबद्ध किया जाए।”
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 8 March 2025 at 14:18 IST