Bihar Assembly Election: बिहार में लालू के ऑफर पर आ गया नीतीश कुमार का जवाब, बोले-'दो बार गलती से इधर-उधर क्या...'

बिहार सीएम नीतीश कुमार को लेकर आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद का यह बयान खूब वायरल होने लगा। इसके बाद नीतीश की चुप्पी ने बिहार का सियासी पारा चढ़ा दिया था।

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nitish kumar  on lalu prasad
बिहार में लालू के ऑफर पर आ गया नीतीश कुमार का जवाब | Image: Republic

इस साल बिहार में विधानसभा चुनाव होने हैं और सियासी पार्टियों ने बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियां भी शुरू कर दी है। वहीं इस बीच आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव का एक बयान आता है जिसमें वो कहते हैं कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के दरवाजे महागठबंधन के लिए हमेशा खुले हैं वो जब चाहें एंट्री कर सकते हैं। लालू के इस ऑफर पर नीतीश ने पहले तो चुप्पी साधी रखी लेकिन अब इस पर नीतीश कुमार का रिएक्शन आया है। नीतीश कुमार ने अब लालू प्रसाद यादव को जवाब देते हुए ये स्पष्ट कर दिया है कि वो एनडीए में ही रहेंगे और किसी और गठबंधन में शामिल नहीं होंगे।

नीतीश कुमार ने लालू प्रसाद यादव के ऑफर को ठुकराते हुए कहा कि अब वो एनडीए गठबंधन छोड़कर कहीं और जाने वाले नहीं है। नीतीश कुमार ने गोपालगंज की एक समीक्षा बैठक के दौरान इस बात पर अपना जवाब देते हुए कहा, 'हम दो बार गलती से इधर से उधर चले गए थे, लेकिन अब हम साथ ही रहेंगे और बिहार के साथ देश का विकास  करेंगे।' वहीं इसके पहले आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने नीतीश कुमार को ऑफर देते हुए कहा था कि महागठबंधन के दरवाजे नीतीश कुमार के लिए हमेशा खुले रहेंगे उन्हें जब भी आना हो वो आ सकते हैं।


लालू ने क्यों दिया था ये ऑफर?

दरअसल बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पिछले रविवार (29 दिसंबर) को बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा और गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात करने के लिए दिल्ली आए थे। उनका दौरा रविवार से मंगलवार तक का था लेकिन अचानक ही बिहार में छात्र आंदोलन को लेकर हुई सियासी उथल-पुथल की वजह से वो सोमवार को ही जेपी नड्डा और अमित शाह से मुलाकात किए बिना ही पटना वापस लौट आए थे। अचानक से नीतीश कुमार के इस तरह से दिल्ली दौरे से बिहार वापसी को लेकर विपक्षी नेताओं को इस बात का संदेह हुआ कि नीतीश कुमार को वहां भाव नहीं मिला और ऐसे में लालू प्रसाद यादव ने पिछले बिहार चुनाव की तरह से सियासी दांव खेलते हुए मीडिया से नीतीश कुमार को महागठबंधन के लिए ऑफर दे दिया था। लालू प्रसाद यादव ने नए साल के मौके पर कहा था कि नीतीश कुमार के लिए हमारे दरवाजे हमेशा खुले हैं। इस बयान पर नीतीश ने कोई खास जवाब नहीं दिया था जिसको लेकर अटकलें तेज हो गईं थी कि नीतीश कुमार फिर से पलटी मार सकते हैं।


लालू के बयान से सियासी अटकलें तेज

बिहार सीएम नीतीश कुमार को लेकर आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद का यह बयान सोशल मीडिया पर खूब वायरल होने लगा। इसके बाद नीतीश की चुप्पी ने बिहार का सियासी पारा चढ़ा दिया था लेकिन शनिवार को गोपालगंज में नीतीश कुमार ने ये कंफर्म कर दिया कि वो एनडीए के साथ हैं और वहीं रहेंगे इसको लेकर किसी को कोई कन्फ्यूजन न हो। नीतीश कुमार के अलावा जेडीयू नेता विजय चौधरी ने भी लालू के बयान पर जवाब देते हुए कहा था कि हमारी पार्टी में कोई कन्फ्यूजन नहीं है, पार्टी और सीएम दोनों का स्टैंड साफ है कि  हम NDA में है और NDA में ही रहेंगे। वहीं, इस मामले में बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि नीतीश कुमार लालू प्रसाद यादव को अंदर से जानते हैं। लालू प्रसाद यादव सिर्फ डरे हुए हैं।

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लालू ने क्यों दिया था ऑफर? तेजस्वी ने बताई वजह

लालू प्रसाद यादव ने नीतीश कुमार को लेकर महागठबंधन में वापसी का जो ऑफर दिया था उसको लेकर नीतीश कुमार ने अपने इरादे साफ कर दिए वहीं जब लालू प्रसाद यादव के बेटे तेजस्वी यादव से मीडिया ने बातचीत की तो उन्होंने इसके पीछे की वजह बताई कि आखिर लालू प्रसाद यादव ने नीतीश कुमार को महागठबंधन में शामिल होने का ऑफर क्यों दिया था। तेजस्वी ने मीडिया को बताया, 'आप उनसे यह पूछते रहते हैं, वह और क्या कहेंगे? उन्होंने यह बात आप सभी को शांत करने के लिए कही है।' वहीं इसके पहले तेजस्वी ने ये बयान भी दिया था कि नीतीश कुमार कुछ भी कर लें अब महागठबंधन में उनके लिए दरवाजे बंद हो चुके हैं और 2025 नीतीश कुमार के लिए अलविदा वाला साल साबित होगा और नए साल में बिहार में नई सरकार का गठन होगा।

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Published By:
 Ravindra Singh
पब्लिश्ड