अपडेटेड 21 January 2026 at 19:15 IST
'औरंगजेब ने काशी विश्वनाथ के कॉरिडोर को तोड़ा', ऋषिकेश में अमित शाह ने मुगलों पर कहा- 'गजनवी, खिलजी सब गुम हो गए'
गृह मंत्री अमित शाह दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर हैं। उन्होंने एक जनसभा को संबोधित करते हुए मुगल शासन में हिन्दू धार्मिक स्थलों पर अत्याचार का जिक्र किया। उन्होंने कहा 'तोड़ने वालों से श्रद्धा की ताकत बहुत बड़ी होती है।'
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केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर हैं। बुधवार, 21 जनवरी को ऋषिकेश में गीता प्रेस की मासिक पत्रिका कल्याण के शताब्दी वर्ष समारोह में शामिल हुए। इस मौके पर अमित शाह के मुगल शासकों पर जमकर निशाना साधा। इस मौके पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, जूना पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी महाराज और परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती भी मौजूद रहें।
ऋषिकेश में कार्यक्रम में शामिल होने के बाद गृह मंत्री अमित शाह ने एक जनसभा को संबोधित किया। जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मुगल शासन में हिन्दू धार्मिक स्थलों पर अत्याचार का जिक्र करते हुए कहा 'तोड़ने वाले गजनवी, खिलजी, मोहम्मद बेगड़ा सब गुम हो गए। सोमनाथ की सनातन की ध्वजा आज भी लहरा रही है।'
'औरंगजेब ने काशी विश्वनाथ के कॉरिडोर को तोड़ा'
ऋषिकेश से गृह मंत्री अमित शाह ने गीता प्रेस की ‘कल्याण’ पत्रिका के शताब्दी अंक विमोचन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा ‘औरंगजेब ने काशी विश्वनाथ के कॉरिडोर को तोड़ा। तोड़ने वालों से श्रद्धा की ताकत बहुत बड़ी होती है। सोमनाथ मंदिर तोड़े हुए एक हजार साल हुए। भारत सरकार पूरे वर्ष सोमनाथ स्वाभिमान वर्ष के रूप में मनाने जा रही है।’
16 बार तोड़ा गया, फिर से 16 बार बनाया गया
गृह मंत्री अमित शाह ने कहा ‘हमारे श्रद्धा स्थान को 16 बार तोड़ा गया, फिर से 16 बार बनाया गया। तोड़ने वाले गजनवी, खिलजी, मोहम्मद बेगड़ा सब गुम हो गए, लेकिन सोमनाथ में सनातन की ध्वजा आज भी लहरा रही है।’ अमित शाह ने राम मंदिर का जिक्र करते हुए कहा 'साढ़े पांच सौ साल बाद रामलाल को अपमानजनक स्थिति से निकालकर आज गगनचुंबी मंदिर वहां पर स्थापित हो गया है।'
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642 से ज्यादा मूर्तियों को वापस लाकर स्थापित किया
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा 'कश्मीर से धारा 370 हट गई। महाकालेश्वर का कॉरिडोर बना। केदारनाथ धाम का पुनरुद्धार किया गया। अंग्रेजों के समय से हमारे तीर्थ स्थानों से मूर्तियां उठाकर दुनिया भर में ले जाई गई। 642 से ज्यादा मूर्तियों को वापस लाकर फिर से स्थापित करने का काम किया गया।
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Published By : Sagar Singh
पब्लिश्ड 21 January 2026 at 19:15 IST