Bihar: बिहार के बजट पर तेजस्वी ने नीतीश सरकार को घेरा, कहा- इन्हें सरकार बचाने की और हमें बिहार की चिंता...
Bihar: बिहार बजट को लेकर राजद नेता तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर जमकर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि उन्हें सरकार बचाने की चिंता है और हमें बिहार की।
- भारत
- 2 min read

Bihar Budget: नीतीश सरकार ने 3 लाख 17 हजार करोड़ का बिहार बजट पेश किया है। चुनाव को देखते हुए बिहार सरकार ने बजट में खजाना खोल दिया है। बजट पेश करते ही राष्ट्रीय जनता दल के नेता और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर बड़ा हमला किया है। तेजस्वी यादव ने कहा कि इन्हें सरकार बचाने की चिंता है और हमें बिहार की चिंता है।
बिहार बजट को लेकर पूर्व डिप्टी सीएम और राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा, "बिहार में रेवेन्यू आ नहीं रहा है। इन्हें पता है ये बात। यह बजट बिहार के हित में नहीं है। हवा हवाई बातें कही गई है। इन्हें सरकार बचाने की चिंता है और हमें बिहार की चिंता है। ये कह रहे कि स्टेडियम बनाएंगे, 10-15 साल से अभी तक स्टेडियम ही बन रहा है। एक प्रखंड ऐसा बता दें, जहां ढंग का स्टेडियम बना हो। पुरानी बाते कही जा रही हैं, जिससे बिहार की जनता को कोई फर्क नहीं पड़ता। हमने मांग भी की थी कि माई-बहन योजना के तहत महिलाओं के खाते में पैसे डाले जाएं, लेकिन वो भी नहीं डाला गया। हमने बिजली 200 यूनिट फ्री देने की बात कही थी। बिहार में सबसे महंगी बिजली बिहार में मिलती है। न कारखाने की बात हुई और न ही पलायन रोकने की बात हुई। बिहार को केंद्र सरकार ने ठगा है और अब नीतीश कुमार भी खोखला बजट लेकर आए हैं।"
केंद्र और बिहार सरकार पर भड़के तेजस्वी
उन्होंने केंद्र और नीतीश सरकार को घेरते हुए कहा कि ना साक्षरता की बात की गई ना व्यवसाय की। बिहार साक्षारता और प्रतिव्यक्ति आय के मामले में फिसड्डी है। किसानों के आय के मामले में बिहार फिसड्डी है। इनके बारे में कोई चर्चा नहीं हुई। कारखाने लगाए जाएंगे या नहीं इसपर कोई बात नहीं की गई। केंद्र सरकार ने बिहार को ठगा और अब नीतीश सरकार भी खोखला बजट लेकर आ गए।
बिहार बजट को लेकर क्या बोले डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी?
बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार विधानसभा बजट सत्र 2025 पर कहा, "निजी क्षेत्र के सहयोग से राज्य में नए निजी मेडिकल कॉलेज संचालित किए जाएंगे। हमारे जो मेडिकल कॉलेज बने हैं, उन्हें भी हम निजी भागीदारी से चलाने का काम करेंगे। संपूर्ण राज्य में शहरी क्षेत्र के विकास के लिए, विशेष रूप से वंचित वर्ग के लोगों के लिए और स्लम क्षेत्र इत्यादि के लिए नगर चिकित्सा केंद्रों की स्थापना की जाएगी।"