ऐसे होगा पहलगाम का बदला पूरा, कांप उठेगा पाकिस्तान का कलेजा! PM मोदी और राजनाथ ने दिए संकेत, भारत ने लिए 5 बड़े फैसले
पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जिम्मेदार पाकिस्तान को मानते हुए केंद्र की मोदी सरकार एक्शन में है। आतंकवाद पर चोट देने के लिए सरकार ने कई कड़े फैसले लिए हैं।
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Pahalgam Terror Attack: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले ने हर भारतीय का कलेजा चीर कर रख दिया है। इस हमले में किसी का सुहाग, तो किसी की गोद उजड़ी। किसी के घर के एकलौते कमाने वाले ने दम तोड़ दिया तो किसी का भाई अब कभी घर लौटकर नहीं आएगा। धरती के स्वर्ग पर दहशतगर्दों ने एक बार फिर खून की होली खेली जिसने हिंसा की ऐसी खौफनाक तस्वीर पेश की जिसे सिर्फ सोचने मात्र से ही रूह कांप उठती है। इस कायराना आतंकी हमले का जिम्मेदार पाकिस्तान को मानते हुए केंद्र की मोदी सरकार एक्शन में है। आतंकवाद पर चोट देने के लिए सरकार ने कई कड़े फैसले लिए हैं।
22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 28 बेगुनाहों को गोलियों से भूनकर मौत के घाट उतार दिया गया। इस हमले में दर्जनभर से ज्यादा लोग घायल हुए। हमले के बाद पीएम मोदी ने अपना सऊदी अरब का दौरान तत्काल बीच में छोड़ देश वापसी की। दिल्ली पहुंचते ही उन्होंने सुरक्षा हालात की समीक्षा के लिए कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (CCS) की आपात बैठक बुलाई। इस बैठक में गृहमंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और विदेश मंत्री एस जयशंकर शामिल रहे। बैठक में भारत ने पाकिस्तान के कूटनीतिक, आर्थिक और मानवीय मोर्चों पर कठोरतम संदेश देने वाले पांच बड़े फैसले लिए जिससे पाकिस्तान को तगड़ा झटका लगना तय है।
CCS की बैठक में लिए गए पांच बड़े फैसले
बुधवार, 24 अप्रैल को पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई CCS की बैठक में पाकिस्तान के खिलाफ पांच बड़े फैसले लिए गए जिनमें सिंधु समझौता सस्पेंड से लेकर वीज पर रोक तक शामिल है। बैठक के बाद विदेश सचिव विक्रम मिस्त्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पाकिस्तान के खिलाफ लिए गए निर्णायक फैसलों की जानकारी दी।
अटारी बॉर्डर बंद, सिंधु जल संधि निलंबित
सबसे पहले भारत-पाक सीमा पर स्थित अटारी बॉर्डर चेक पोस्ट को बंद करने का फैसला लिया गया, जिससे सीमित आवाजाही भी बंद हो जाएगी। दूसरा बड़ा फैसला पाकिस्तान स्थित भारतीय दूतावास को बंद करना, जिसे दोनों देशों के बीच के कूटनीति संबंधों में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है। तीसरे निर्णायक कदम के तहत भारत ने सिंधु जल संधि (Indus Water Treaty) को रोक दिया है। इससे पाकिस्तान की जल आपूर्ति और कृषि क्षेत्र पर गहरा असर पड़ेगा।
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48 घंटे में भारत छोड़े पाकिस्तान नागरिक
इसके अलावा, भारत में मौजूद सभी पाकिस्तानी राजनयिकों को 48 घंटे के भीतर देश छोड़ने का आदेश दिया गया है। साथ ही भारत ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि अब पाकिस्तानियों को भारत का वीजा नहीं मिलेगा, और पहले से जारी वीजा तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिए गए हैं। SAARC वीजा छूट योजना के तहत पाकिस्तानियों को भारत आने की छूट भी समाप्त कर दी गई है। नई दिल्ली स्थित पाकिस्तानी उच्चायोग के रक्षा, नौसेना और वायुसेना सलाहकारों को पर्सोना नॉन ग्राटा घोषित कर एक सप्ताह में देश छोड़ने का आदेश दिया गया है। इसके अलावा पाकिस्तान उच्चायोग के कर्मचारियों की संख्या भी घटाकर 30 कर दी गई है जो 1 मई तक लागू होगी।
आतंकियों की धर पकड़ में जुटी NIA
बता दें कि CCS ने सुरक्षा बलों को सतर्क रहने और हमले के दोषियों को हर हाल में सजा दिलाने के निर्देश दिए हैं। इससे पहले गृहमंत्री अमित शाह ने खुद 'बैसारन' इलाके का दौरा किया, जहां हमला हुआ था। उन्होंने अस्पताल पहुंचकर घायलों से मुलाकात भी की। आतंकियों की धर पकड़ के लिए एनआईए ने जांच शुरू कर दी है और संदिग्धों के स्केच जारी कर दिए गए हैं।