अपडेटेड 19 February 2026 at 14:56 IST
AI Impact Summit: इंसान ने हर बाधा को नए अवसर में बदला है, इसलिए हमें साथ मिलकर ऐसा रोडमैप बनाना है, जिससे AI का सही प्रभाव दिखे- PM मोदी
इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में लीडर्स प्लेनरी को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, हम इतिहास पर नजर डालें तो पता चलता है कि इंसान ने हर व्यवधान को एक नए अवसर में बदला है।
- भारत
- 4 min read

'इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026' में गुरुवार का दिन बेहद खास रहा। भारत मंडपम पर आज दुनिया भर के टेक दिग्गजों और वैश्विक नेताओं का जमावड़ा लगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने समिट का औपचारिक उद्घाटन किया। उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए सभी दिग्गजों ने AI अपने-अपने विचार रखे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि मुझे विश्वास है कि यह समिट एक मानव केंद्रित, संवेदनशील वैश्विक AI इकोसिस्टम के निर्माण में अहम भूमिका निभाएगा।
इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "हम इतिहास पर नजर डालें तो पता चलता है कि इंसान ने हर व्यवधान को एक नए अवसर में बदला है। आज हमारे सामने फिर ऐसा ही अवसर आया है। हमें मिलकर इस व्यवधान को मानवता के सबसे बड़े अवसर के रूप में बदल देना है। भारत AI को किस दृष्टि से देखता है, उसका स्पष्ट प्रतिबिंब इस Summit की थीम में है- सर्वजन हिताय- सर्वजन सुखाय।
ऐसा रोडमैप बनाएं जिससे AI का सही प्रभाव दिखे-PM मोदी
पीएम मोदी ने आगे कहा, भारत बुद्ध की धरती है और भगवान बुद्ध ने कहा था, 'राइट एक्शन कम्स फ्रॉम राइट अंडरस्टैंडिंग' इसलिए आवश्यक है कि हम साथ मिलकर ऐसा रोडमैप बनाएं जिससे AI का सही प्रभाव दिखे। और सही प्रभाव तभी आता है जब हम सही समय पर सही नियत से सही निर्णय लेते हैं। AI के सही इस्तेमाल के लिए मेरे पास तीन सुझाव हैं। पहला, डेटा सॉवरेनिटी का सम्मान करते हुए, हमें AI ट्रेनिंग के लिए एक साफ डेटा फ्रेमवर्क बनाना चाहिए। दूसरा, AI प्लेटफॉर्म को अपने सुरक्षा नियम बहुत साफ और ट्रांसपेरेंट रखने चाहिए। तीसरा, AI के लिए इंसानी वैल्यूज की जरूरत है। टेक्नोलॉजी पावरफुल हो सकती है, लेकिन दिशा हमेशा इंसान ही तय करेंगे।
इंसान ने हर व्यवधान को एक नए अवसर में बदला-PM मोदी
वहीं, कोरोना काल को याद करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "कोविड महामारी के समय दुनिया ने देखा है कि जब हम एक दूसरे के साथ खड़े होते हैं तो असंभव भी संभव हो जाता है। वैक्सीन विकास से लेकर सप्लाई चेन तक, डेटा साझा करने से लेकर जीवन बचाने तक सहयोग ने ही समाधान दिया। तकनीक कैसे मानवता की सेवा का माध्यम बन सकता है ये हमने भारत में कोविड काल में देखा है। हमारे डिजिटल वैक्सीनेशन प्लेटफॉर्म ने करोड़ों लोगों को समय पर वैक्सीनेशन कराने में बहुत मदद की है।"
Advertisement
लीडर्स प्लेनरी में AI पर हुई चर्चा
प्रधानमंत्री मोदी लीडर्स प्लेनरी में हिस्सा लेने के दौरान ये बात कही। लीडर्स प्लेनरी में AI पर नेशनल और ग्लोबल प्राथमिकताओं को बताने के लिए राष्ट्राध्यक्षों, मंत्रियों और मल्टीलेटरल संस्थानों के सीनियर प्रतिनिधियों को एक साथ लाया गया था, जिसमें गवर्नेंस, इंफ्रास्ट्रक्चर और इंटरनेशनल सहयोग शामिल थे। इससे पहले आज सुबह प्रधानमंत्री ने इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 की ओपनिंग सेरेमनी में हिस्सा लिया।
प्रधानमंत्री के साथ, ओपनिंग सेरेमनी को फ्रांस के प्रेसिडेंट इमैनुएल मैक्रों, यूनाइटेड नेशंस के सेक्रेटरी-जनरल एंटोनियो गुटेरेस के साथ-साथ दुनिया भर के कई टॉप इंडस्ट्री लीडर्स ने भी संबोधित किया। दुनिया। ग्लोबल साउथ में होने वाला पहला ग्लोबल AI समिट, AI की बदलाव लाने की क्षमता को दिखाता है, जो "सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय" के नेशनल विजन और AI फॉर ह्यूमैनिटी के ग्लोबल सिद्धांत के साथ मेल खाता है।
Advertisement
Published By : Rupam Kumari
पब्लिश्ड 19 February 2026 at 14:56 IST