विपक्षी सांसदों ने इमरान प्रतापगढ़ी के मामले में न्यायालय के फैसले का स्वागत किया

प्रतापगढ़ी ने कहा, ‘‘मेरे खिलाफ आधारहीन प्राथमिकी को रद्द करने के लिए मैं उच्चतम न्यायालय का बहुत आभारी हूं, लेकिन मुझे लंबी लड़ाई लड़नी पड़ी।"

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Imran Pratapgarhi
Imran Pratapgarhi | Image: Imran Pratapgarhi : Facebook

विपक्ष के कई सांसदों ने शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय के उस फैसले का स्वागत किया, जिसमें कांग्रेस नेता इमरान प्रतापगढ़ी द्वारा सोशल मीडिया पर साझा किए गए एक वीडियो के मामले में गुजरात पुलिस की प्राथमिकी को खारिज कर दिया गया।

उच्चतम न्यायालय ने ‘‘भड़काऊ’’ गीत वाला एक संपादित वीडियो साझा करने के आरोप में कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी के खिलाफ गुजरात पुलिस द्वारा दर्ज की गई प्राथमिकी को शुक्रवार को खारिज करते हुए कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता लोकतंत्र का अभिन्न अंग है।

फैसले का स्वागत करते हुए प्रतापगढ़ी ने कहा, ‘‘मेरे खिलाफ आधारहीन प्राथमिकी को रद्द करने के लिए मैं उच्चतम न्यायालय का बहुत आभारी हूं, लेकिन मुझे लंबी लड़ाई लड़नी पड़ी। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर उच्चतम न्यायालय द्वारा की गई टिप्पणी महत्वपूर्ण है। यह संदेश देश में जाना चाहिए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘इस बात पर बहस की जरूरत है कि पिछले कुछ वर्षों में विभिन्न सरकारें असहमति को कैसे कुचल रही हैं और इसके लिए पुलिस का इस्तेमाल कैसे किया जा रहा है।’’

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कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने भी फैसले का स्वागत किया। उन्होंने संसद परिसर में संवाददाताओं से कहा, ‘‘मैं फैसले का स्वागत करता हूं। हास्य, व्यंग्य सभी स्वतंत्र भाषण का हिस्सा हैं।’’

शिव सेना (उबाठा) की सांसद प्रियंका चतुवेर्दी ने इसे अच्छा फैसला बताया। उन्होंने कहा, ‘‘मैं इस फैसले का तहे दिल से स्वागत करती हूं। आज, सरकार कविता, शायरी और कॉमेडी के प्रति असहिष्णु हो गई है, अपील और प्राथमिकी दर्ज करने के लिए अदालतों में भाग रही है - यह शर्मनाक है।’’

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Published By:
 Deepak Gupta
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