'अभी पिक्चर बाकी है...', पाकिस्तान पर Operation Sindoor के बाद पूर्व आर्मी चीफ मनोज नरवणे ने दे दिया बड़ा बयान

आतंकवादियों पर सेना के प्रहार के बीच ही पूर्व आर्मी चीफ मनोज नरवणे का बयान सामने आया है। जनरल मनोज मुकुंद नरवणे 30 अप्रैल 2022 तक 28वें सेनाध्यक्ष रहे हैं।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
Former Indian Army Chief Manoj Naravane
Former Indian Army Chief Manoj Naravane | Image: ANI

Operation Sindoor: भारत ने पाकिस्तान में बैठे आतंकवादियों के ऊपर बड़ी कार्रवाई की है। देर रात PoK में भारतीय सेना ने 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाते हुए हमला किया, जिससे वो तहस-नहस हो गए। हालांकि भारत के ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) को लेकर पूर्व सेनाध्यक्ष मनोज नरवणे ने बड़ा बयान दे दिया है। इससे पाकिस्तान के भीतर और भी खलबली मच सकती है।

आतंकवादियों पर सेना के प्रहार के बीच ही पूर्व आर्मी चीफ मनोज नरवणे का बयान सामने आया है। जनरल मनोज मुकुंद नरवणे 30 अप्रैल 2022 तक 28वें सेनाध्यक्ष रहे हैं। वो अस्थायी तौर पर चीफ ऑफ स्टाफ यानी CDS भी रहे। फिलहाल उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को लेकर आगे कहा है- 'अभी पिक्चर बाकी है।' उनके बयान से स्पष्ट है कि भारत आगे भी पाकिस्तान में बैठे आतंकवादियों पर बड़ी कार्रवाई कर सकता है।

25 मिनट में भारत सेना ने आतंकियों को तबाह किया

भारत की सेना ने महज 25 मिनट में पाकिस्तान में बैठे आतंकवादियों की कमर तोड़ दी। 9 आतंकवादी ठिकानों का टारगेट दिया गया, जिसमें लश्कर का मरकज-ए-तैयबा और जैश-ए मोहम्मद का हेडक्वार्टर मस्जिद सुभानल्लाह भी शामिल था। ऑपरेशन के लिए सेना को 25 मिनट का टाइम मिला और इसी समय में 9 आतंकी ठिकानों को मिट्टी में मिलाकर सैनिक लौट भी आए।

पाकिस्तान के आतंकवादियों पर भारत की कार्रवाई के बाद सेना ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की है और आधिकारिक तौर पर पूरी जानकारी साझा की। आर्मी से कर्नल सोफिया कुरैशी ने बताया कि इन लक्ष्यों का चयन विश्वसनीय इंटेलिजेंस के आधार पर हुआ और ये ध्यान रखा गया कि इसमें किसी निर्दोष नागरिक को नुकसान न पहुंचे। पाकिस्तान की ओर से अधिकृत कश्मीर में सवाई नाला कैंप, जोकि लश्कर का ट्रेनिंग कैंप था। मुजफ्फराबाद में कैंप, जोकि जैश का ट्रेनिंग सेंटर है, टारगेट में शामिल थे। आतंकी स्थल मरकज सुभान अल्लाह, बहावलपुर, पाकिस्तान, जैश-ए-मोहम्मद के मुख्यालय को सेना ने निशाना बनाया। इनमें मुरीदके का शिविर भी शामिल है, जहां 2008 के मुंबई आतंकी हमलों में शामिल आतंकवादियों अजमल कसाब और डेविड हेडली ने ट्रेनिंग ली थी।

Advertisement

यह भी पढ़ें: जिस 'ऑपरेशन सिंदूर' से थर्राया पाकिस्तान, उस कार्रवाई को किसने दिया नाम

Published By:
 Dalchand Kumar
पब्लिश्ड