Mamata Banerjee: फिर ममता बनर्जी ने पहना काला कोट, 'वकील' बनकर कोर्ट पहुंची पूर्व CM, क्या है मामला?
Kolkata news: इससे पहले भी ममता बनर्जी काला कोट पहने कोर्ट में दलीलें रखती नजर आई हैं। फरवरी 2026 में, उन्होंने मतदाता सूची के मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में खुद दलीलें पेश की थीं।
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Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (TMC) सुप्रीम ममता बनर्जी एक बार फिर काला कोट पहने नजर आई हैं। वे एक मामले की सुनवाई के लिए वकील के अवतार में कलकत्ता हाई कोर्ट पहुंची हैं। कोर्ट में चुनाव के बाद हुई हिंसा से जुड़ी PIL पर कोर्ट में सुनवाई होनी है। ऐसे में मुख्य न्यायाधीश सुजॉय पाल के सामने पेश होने के लिए ममता वकील की पोशाक पहने नजर आईं।
चुनाव बाद हिंसा से जुड़ी याचिका पर सुनवाई
कलकत्ता हाई कोर्ट में 2026 के राज्य विधानसभा चुनाव परिणामों के बाद पश्चिम बंगाल में कथित तौर पर बड़े पैमाने पर हुई तोड़-फोड़ और हिंसा के खिलाफ दायर जनहित याचिकाओं (PILs) पर सुनवाई की जा रही है। चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद कोलकाता के न्यू मार्केट में कथित बुलडोजर कार्रवाई के मामले में कोर्ट का रुख किया गया।
TMC नेता कल्याण बनर्जी के बेटे और वकील सिरसान्या बंदोपाध्याय ने एक और याचिका दायर की, जिसमें उन्होंने चुनाव नतीजों के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं पर चुनावी हिंसा करने और पार्टी दफ्तरों में तोड़फोड़ करने के आरोप लगाए। दोनों याचिकाओं की सुनवाई एक साथ की जा रही है।
जब काला कोट पहनकर सुप्रीम कोर्ट पहुंची थीं ममता
इससे पहले भी ममता बनर्जी काला कोट पहने कोर्ट में दलीलें रखती नजर आई हैं। फरवरी 2026 में पश्चिम बंगाल में वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) जुड़े मामले पर सुनवाई हुई थी। तब LLB डिग्री होल्डर ममता बनर्जी को अदालत में खुद बहस करते देखा गया था। इसके अलावा साल 1997 में भी वे वकील के तौर पर अदालत में पेश हो चुकी हैं।
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बता दें कि पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कानून की स्नातक (LLB) हैं। उन्होंने जोगेश चंद्र चौधरी लॉ कॉलेज, कोलकाता से कानून की डिग्री हासिल की है। ममता ने 1980 के दशक में कोलकाता हाई कोर्ट में वकील के रूप में प्रैक्टिस की थी।
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