29 दिनों से लापता हैं BSF की 2 महिला कांस्टेबल, पुलिस ने खोज के लिए किया SIT का गठन

ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर तैनात CCTV फुटेज से पता चला कि दोनों ट्रेन से दिल्ली पहुंची और एटीएम से पैसे निकालकर मुर्शिदाबाद के लिए रवाना हो गईं।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
shahana-akanksha-constabli
29 दिनों से लापता हैं महिला कांस्टेबल अकांक्षा और शहाना | Image: Republic

मध्य प्रदेश के ग्वालियर से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आ रही है। यहां टेकनपुर छावनी में तैनात बीएसएफ की दो महिला कांस्टेबल 29 दिनों से लापता हो गई हैं। दोनों की तलाश में एक एसआईटी दल का गठन किया गया है और इंटेलिजेंस भी मामले की जांच कर रही है। दोनों महिला कांस्टेबल की तलाश पश्चिम बंगाल-बांग्लादेश बार्डर पर की जा रही है। इसके लिए अलर्ट भी जारी किया गया है। इसके साथ ही गायब महिला कांस्टेबल की मां की शिकायत पर बिलौआ थाना पुलिस ने अपहरण का मामला भी दर्ज कर लिया है।

गौरतलब है कि हाल ही में ग्वालियर के टेकनपुर स्थित बीएसएफ अकादमी से दो महिला कांस्टेबल के लापता होने का मामला सामने आया था। दोनों में गहरी दोस्ती है, जो कि 27 मई से अकादमी के हास्टल से गायब हैं। लापता कांस्टेबल आकांक्षा निखार जबलपुर की रहने वाली है तो शहाना खातून पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद की निवासी है। ग्वालियर के बिलौआ थाना पुलिस को बीएसएफ की ओर से सूचना मिलने के बाद जब पड़ताल की गई तो दोनों की आखिरी लोकेशन ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर मिली है।

CCTV फुटेज से मिली आखिरी तस्वीर

ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर तैनात सीसीटीवी फुटेज में दोनों के वीडियो भी दिखाई दिए हैं। इसके बाद दोनों ट्रेन से दिल्ली पहुंची और एटीएम से पैसे निकालकर मुर्शिदाबाद के लिए रवाना हो गईं। इसके बाद दोनों महिला कांस्टेबल वहां से पहले कोलकाता जाकर फिर मुर्शिदाबाद पहुंची। ये दोनों ही अकादमी में सहायक प्रशिक्षण केंद्र में 2021 से प्रशिक्षक के पद पर हैं। आकांक्षा की मां मंगलवार को पुलिस जनसुनवाई में पहुंची थी जहा उन्होंने बेटी के अपहरण का आरोप शहाना खातून, उसकी बड़ी बहिन सहित परिवार के अन्य सदस्यों पर लगाया था।

बेटी की जान को खतरा बता रही अकांक्षा की मां

उर्मिला निखर लगातार अपनी बेटी आकांक्षा को जान का खतरा बता रहीं हैं। इस पूरे मामले में बिलौआ थाना पुलिस ने गायब महिला कांस्टेबल आकांक्षा की मां की शिकायत पर शहाना खातून उसकी बड़ी बहिन और उसके परिजनों के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज कर पुलिस टीम पश्चिम बंगाल भेजी है। लापता आकांशा को एस आई टी और बीएसएफ की इंटेलीजेंस तलाश रही है।

Advertisement

दिल्ली में 6 जून को मिली आखिरी लोकेशन

6 जून को दोनों की आखिरी लोकेशन दिल्ली में मिली वहीं 7 जून को पश्चिम बंगाल के हावड़ा में देखी गई हैं। 7 जून को ही रात में मुर्शिदाबाद के बहरामपुर में उन्हें आखिरी बार साथ देखा गया है। वहीं ग्वालियर के थाना बिलौआ में तैनात इंस्पेक्टर अभय प्रताप सिंह ने बताया कि बीएसएफ की दो प्रशिक्षक की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। इस बात की जांच की जा रही है कि 27 मई को इन दोनों महिला कांस्टेबलों ने बीएसएफ अधिकारियों को इसकी जानकारी दी  है या नहीं। रेलवे स्टेशन पर मिले फुटेज के आधार पर साफ पता चलता है कि दोनों साथ में ही गई हैं। 

यह भी पढ़ेंः BSP नेता की हत्या: आठ संदिग्ध पकड़े गए, समर्थकों ने CBI जांच की मांग की

Published By:
 Ravindra Singh
पब्लिश्ड