EXCLUSIVE/ CM-CMHO बोल रहे 4, मेयर बोले 7 और जनता चिल्ला रही 10 से ज्‍यादा...इंदौर दूषित जल कांड में मौतों की संख्‍या छिपाने का खेल; आखिर सच क्या?

Indore: इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में पेयजल पाइपलाइन में सीवेज मिलने से दूषित पानी की आपूर्ति मामले में केवल चार मौतों की पुष्टि हुई है, जबकि रिपब्लिक को इलाके से मिल रही सूचनाएं बताती हैं कि यह संख्या इससे कहीं अधिक हो सकती है।

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Indore: इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में दूषित जल पीने से हुई मौतों की संख्या को कम दिखाने का मामला सामने आया है। इंदौर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) माधव प्रसाद हसानी ने रिपब्लिक से बातचीत में दावा किया कि अब तक केवल चार मौतों की पुष्टि हुई है, लेकिन इलाके से मिल रही सूचनाओं के आधार पर यह संख्या इससे कहीं अधिक हो सकती है। माधव प्रसाद हसानी के अनुसार, पुष्टि की गई 4 लोगों की मौत तीव्र डायरिया रोग के कारण हुईं है। उन्होंने बताया कि शहर के विभिन्न अस्पतालों में कई मरीजों को आईसीयू (ICU) में भर्ती कराया गया है। मामले में एक मरीज की हालत गंभीर है और उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। उनका कहना था कि आईसीयू में भर्ती मरीज स्थिर हैं और खतरे से बाहर हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अलग-अलग अस्पताल के डॉक्टर मरीजों का इलाज कर रहे हैं।

इंदौर में मौतों के पीछे जल प्रदूषण: CMHO

दूषित पानी से बीमारी के कारण पर CMHO हसानी ने कहा कि जल प्रदूषण सबसे संभावित वजह है, क्योंकि ऐसा कोई सबूत नहीं मिला है कि सभी लोगों ने एक ही तरह का भोजन किया हो। भागीरथपुरा के लोगों ने सप्लाई होने वाले पेयजल से अजीब गंध आने की शिकायत की थी। इससे पहले भी पानी की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हुए थे।

10 से अधिक मौतों की पुष्टि सही?

रिपब्लिक ने जवाब के लिए इंदौर के क्षेत्रीय स्वास्थ्य निदेशक डॉ. शाजी जोसेफ और CMHO हसानी से कई बार संपर्क करने की कोशिश की। डॉ. जोसेफ ने कॉल काट दिया और इसके बाद कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। रिपब्लिक से आमने-सामने बातचीत में हसानी ने स्थानीय इनपुट्स में बताई जा रही 10 से अधिक मौतों की पुष्टि करने से इनकार किया है। उन्होंने दोहराया कि आधिकारिक तौर पर केवल 4 की मौतों हुई हैं।

CM बोल रहे 4, मेयर ने बताया 7, स्‍थानीय लोग कर रहे 10 से अधिक मौतों का दावा

आपको बता दें कि इंदौर में दूषित पानी पीने से हुई मौतों की संख्या को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। एक दिन पहले मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मरने वालों की संख्या 4 बताई थी, जबकि शहर के मेयर ने कहा कि 7 लोगों की जान गई है। वहीं, स्थानीय लोगों का दावा है कि 13 लोगों की मौत हुई है।

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मामले में लापरवाही बर्दाश्त नहीं- CM मोहन यादव

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शुक्रवार को कहा कि इंदौर नगर निगम आयुक्त दिलीप कुमार यादव को पद से हटा दिया गया है। वहीं, अपर नगर निगम आयुक्त रोहित सिसोनिया और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता संजीव श्रीवास्तव को भी निलंबित कर दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मामले में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

1,400 से अधिक लोग बीमार पड़ चुके हैं

24 दिसंबर से अब तक भागीरथपुरा में 1,400 से अधिक लोग बीमार पड़ चुके हैं, जिनमें उल्टी, दस्त और डिहाइड्रेशन जैसे लक्षण सामने आए हैं। 200 से ज्यादा मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि जल प्रदूषण के स्रोत की जांच जारी है।

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Published By:
 Ankur Shrivastava
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