अपडेटेड 10 March 2026 at 16:44 IST

MP: 5800 करोड़ फिर कर्ज लेगी मध्य प्रदेश सरकार, एक साल में 19वीं बार उधारी; आखिर क्यों बढ़ रहा एमपी पर कर्ज का बोझ?

MP Govt New Loan: मोहन यादव की मध्य प्रदेश सरकार ने एक बार फिर तीन किस्तों में 5800 करोड़ रुपये का कर्ज लेने का फैसला किया है। इससे पहले होली के दौरान भी सरकार ने 6300 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था।

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MP Govt New Loan
MP Govt New Loan | Image: Republic

MP Govt New Loan: मध्य प्रदेश सरकार मंगलवार को एक बार फिर तीन किस्तों में 5800 करोड़ रुपये का कर्ज लेने जा रही है, जो भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के माध्यम से लिया जाएगा। बता दें, इससे पहले होली के दौरान भी सरकार ने 6300 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था। इस तरह से देखा जाए तो प्रदेश के ऊपर कुल देनदारी 5,06,000 करोड़ रुपये के करीब हो जाएगा।

1 साल में 19वीं बार उधारी

वित्त विभाग के अधिकारियों के अनुसार, 10 मार्च यानी मंगलवार को तीन किस्तों में 1900 करोड़, 1700 और 2200 करोड़ रुपए का कर्ज लिया जाएगा। इस कर्ज के का उपयोद सरकार विकास परियोजना और आर्थिक गतिविधियों को गति देने के लिए करेगी। खास बात यह है कि इस वित्तीय वर्ष में सरकार अबतक पहले ही 18 बार कर्ज ले चुकी है, वहीं नए कर्ज को मिलाकर यह 19वीं उधारी है।

इन नए कर्जों के साथ चालू वित्तीय वर्ष में MP सरकार द्वारा लिया गया कुल कर्ज करीब 84,900 करोड़ रुपए तक पहुंच जाएगा। वहीं, प्रदेश पर कुल देनदारी बढ़कर लगभग 5 लाख 6 हजार 640 करोड़ रुपए हो जाएगी।

आखिर क्यों पड़ रही है इतने कर्ज की जरूरत?

विशेषज्ञों के मुताबिक, इस उधारी के पीछे कई बड़े कारण हैं। 

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  • पहला कारण है केंद्र सरकार द्वारा राज्यों को दिया जा रहा 50 साल का ब्याज मुक्त कर्ज।
  • इस कर्ज का इस्तेमाल पूंजीगत खर्चों को बढ़ाने के लिए किया जा रहा है।
  • इसके अलावा, मध्य प्रदेश में चल रही कई योजनाएं, कृषि और उद्योगों में निवेश।
  • सबसे अहम कारण है, पुराने कर्जों का मूलधन और ब्याज चुकाने के लिए सरकार को बड़ी राशि की जरूरत पड़ रही है।

कई राज्य सरकारें लेंगी कुल 45,960 करोड़ रुपए का कर्ज

बता दें, मंगलवार को RBI के ई-कुबेर प्लेटफॉर्म के माध्यम से देश की कई राज्य सरकारें बॉन्ड की नीलामी कर कुल 45,960 करोड़ रुपए का कर्ज लेंगीस जिसमें मध्यप्रदेश सरकार भी शामिल है। इस नीलामी में कर्नाटक सरकार सबसे ज्यादा 10 हजार करोड़ और तमिलनाडु सरकार 8 हजार करोड़ रुपए की उधारी लेगी।

सरकारें क्यों ले रही इतना कर्ज?

दरअसल, केंद्र सरकार राज्यों को पूंजीगत खर्च बढ़ाने के लिए 50 साल का ब्याज-मुक्त कर्ज उपलब्ध करा रही है, जिसके कारण राज्यों ने वित्त वर्ष की पहली तिमाही से ही पहले के मुकाबले ज्यादा उधारी लेना शुरू कर दिया है।

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पिछले वित्त वर्ष का कर्ज

इससे पहले सरकार ने होली से एक दिन पहले सरकार ने चार अलग-अलग कर्ज लेकर कुल 6300 करोड़ रुपए जुटाए थे, जो एक ही दिन में चालू वित्त वर्ष का सबसे बड़ा कर्ज माना गया। वहीं, 17 फरवरी को भी राज्य सरकार ने चार अलग-अलग कर्ज लिए थे।

बता दें, 31 मार्च 2025 तक यानी पिछले वित्तीय वर्ष में मध्य प्रदेश पर कुल कर्ज 4 लाख 21 हजार 740 करोड़ रुपए था, जो अब लगातार नई उधारी के कारण तेजी से बढ़ता जा रहा है।

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Published By : Sujeet Kumar

पब्लिश्ड 10 March 2026 at 16:42 IST