India-US Trade Deal: भारत-अमेरिका ट्रेड डील में क्या-क्या? फ्रेमवर्क से सामने आई तस्वीर, कृषि-डेयरी सेक्टर पूरी तरह प्रोटेक्टेड
India-US Trade Deal Framework: भारत और अमेरिका ने ट्रेड डील को लेकर संयुक्त बयान जारी किया। इसमें इस डील को लेकर जानकारी दी गई है। बयान में कहा गया कि यह ट्रेड डील दोनों देशों के बीच साझेदारी में मील का पत्थर साबित होगा।
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India-US Trade Deal framework: अमेरिका और भारत ने अंतरिम व्यापार समझौते का फ्रेमवर्क जारी कर दिया है। इसके साथ ही दोनों देशों ने व्यापक द्विपक्षीय व्यापार समझौते (Bilateral Trade Agreement) को अंतिम रूप देने की दिशा में कदम बढ़ा दिए हैं। अमेरिका और भारत की ओर से जारी एक संयुक्त बयान में कहा गया है कि दोनों देश इस फ्रेमवर्क को शीघ्र लागू करेंगे। साथ ही यह तस्वीर भी साफ हो गई है कि दोनों देश किन-किन चीजों पर टैरिफ कम करेंगे।
बयान में कहा गया है कि अमेरिका और भारत के बीच अंतरिम समझौता दोनों देशों की साझेदारी में ऐतिहासिक मील का पत्थर साबित होगा। यह आपसी हितों और ठोस परिणामों के आधार पर पारस्परिक और संतुलित व्यापार के प्रति साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार (6 फरवरी) को एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए, जिसके तहत भारत पर रूसी तेल खरीद के चलते लगाया गया 25 फीसदी टैरिफ पूरी तरह हटा दिया गया है।
समझौते की बड़ी बातें...
इस समझौते के तहत भारत अमेरिका के कई औद्योगिक और कृषि उत्पादों पर अपना टैरिफ या तो पूरी तरह हटा देगा या काफी कम कर देगा। इसमें मेवे (जैसे बादाम, अखरोट आदि), ताजा और प्रोसेस्ड फल, सोया तेल, शराब और स्पिरिट्स, साथ ही अन्य कई खाद्य उत्पाद शामिल हैं। वहीं, अमेरिका की तरफ से भारत के वस्त्र, परिधान (कपड़े), रसायन, मशीनरी जैसी मुख्य वस्तुओं पर लगने वाला टैरिफ घटाकर सिर्फ 18% कर दिया जाएगा।
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इसके अलावा, अमेरिका ने राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े प्रावधानों के तहत भारतीय एयरक्राफ्ट (हवाई जहाज) और उनके पार्ट्स पर लगे टैरिफ हटाने पर सहमति दी है। वहीं, भारत को ऑटो पार्ट्स (कार के स्पेयर पार्ट्स) पर विशेष प्राथमिकता वाला टैरिफ-रेट कोटा मिलेगा, जिससे इनके आयात पर कम शुल्क लगेगा।
30 ट्रिलियन डॉलर का बाजार खुलेगा- पीयूष गोयल
केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने X पर पोस्ट करते हुए समझौते का फ्रेमवर्क साझा किया। उन्होंने लिखा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मजबूत नेतृत्व में भारत ने अमेरिका के साथ एक अंतरिम समझौते का फ्रेमवर्क तैयार कर लिया है। इससे भारतीय एक्सपोर्टर्स, खासकर MSMEs, किसानों और मछुआरों के लिए 30 ट्रिलियन डॉलर का बाजार खुलेगा। एक्सपोर्ट में बढ़ोतरी से हमारी महिलाओं और युवाओं के लिए लाखों नई नौकरियों के मौके बनेंगे।"
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मंत्री ने आगे बताया कि इस फ्रेमवर्क के तहत, अमेरिका भारतीय सामानों पर आपसी टैरिफ घटाकर 18% कर देगा, जिससे दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था में टेक्सटाइल और कपड़ों, चमड़े और फुटवियर, प्लास्टिक और रबर उत्पादों, ऑर्गेनिक केमिकल्स, होम डेकोर, कारीगरी के उत्पादों और चुनिंदा मशीनों जैसे अहम सेक्टर्स में बड़ा बाजार मिलेगा।
इसके अलावा जेनेरिक दवाएं, रत्न और हीरे, और एयरक्राफ्ट पार्ट्स समेत कई तरह के सामानों पर टैरिफ शून्य हो जाएगा। इससे भारत की एक्सपोर्ट कॉम्पिटिटिवनेस और मेक इन इंडिया को और बढ़ावा मिलेगा। भारत को एयरक्राफ्ट पार्ट्स पर सेक्शन 232 के तहत छूट, ऑटो पार्ट्स पर टैरिफ रेट कोटा और जेनेरिक दवाओं पर बातचीत के नतीजे भी मिलेंगे, जिससे इन सेक्टर्स में एक्सपोर्ट में ठोस फायदा होगा।
किसानों के हितों की सुरक्षा
पीयूष गोयल ने बताया कि यह समझौते के तहत किसानों के हितों की रक्षा और ग्रामीण आजीविका को बनाए रखने के लिए भारत की प्रतिबद्धता को दिखाता है। इसमें मक्का, गेहूं, चावल, सोया, पोल्ट्री, दूध, पनीर, इथेनॉल (ईंधन), तंबाकू, कुछ सब्जियां, मांस आदि जैसे संवेदनशील कृषि और डेयरी उत्पादों को पूरी तरह से सुरक्षित रखा गया है।
भारत ने अगले पांच वर्षों में अमेरिका से कुल 500 बिलियन डॉलर (लगभग 50 लाख करोड़ रुपये) के सामान खरीदने का इरादा जताया है। ये खरीद मुख्य रूप से अमेरिकी ऊर्जा उत्पादों (जैसे तेल, गैस आदि), विमान (एयरक्राफ्ट) और उनके पुर्जों (एयरक्राफ्ट पार्ट्स), कीमती धातुओं, प्रौद्योगिकी उत्पादों और कोकिंग कोयले पर केंद्रित होगी। दोनों देश महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों में गहरा सहयोग बढ़ाने पर सहमत हुए हैं। विशेष रूप से ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट (GPU) और डेटा सेंटरों में उपयोग होने वाले अन्य उपकरणों जैसे हाई-टेक उत्पादों में व्यापार को काफी विस्तार देने की योजना है, जो AI, डेटा प्रोसेसिंग और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में दोनों देशों के लिए फायदेमंद साबित होगा। अमेरिका और भारत ने डिजिटल व्यापार को मजबूत बनाने की भी प्रतिबद्धता जताई है।