'INDI गठबंधन का विरोध इम्प्लीमेंटेशन पर नहीं बल्कि महिला आरक्षण पर ही है, ये अगर-मगर...', लोकसभा में अमित शाह का विपक्ष पर जोरदार हमला
लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक (Women Reservation Bill) चर्चा के बाद अब वोटिंग की घड़ी आ रही है। वोटिंग से पहले गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष पर जोरदार हमला किया है।
- भारत
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Women Reservation Bill: महिला आरक्षण बिल पर संसद में बिल पर चर्चा जारी है। अब से थोड़ी देर बाद लोकसभा में वोटिंग होने वाली है। वोटिंग से पहले लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा है कि पहला सच तो ये है कि ये महिला आरक्षण बिल नहीं है, जिसके बाद राहुल गांधी की स्पीच के दौरान लोकसभा में जोरदार हंगामा हुआ।
अब लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक (Women Reservation Bill) चर्चा पर गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष पर जोरदार हमला किया। लोकसभा में अमित शाह ने कहा 'INDI गठबंधन का विरोध इम्प्लीमेंटेशन पर नहीं बल्कि महिला आरक्षण पर ही है, पर INDI गठबंधन के सभी सदस्यों ने अगर, मगर, किंतु, परंतु इसका उपयोग करके स्पष्ट रूप से महिला आरक्षण का विरोध किया है।
अमित शाह का विपक्ष पर जोरदार हमला
लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक (Women Reservation Bill) पर गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष पर जोरदार हमला करते हुए कहा 'महिला आरक्षण के लिए जो संविधान संशोधन है उसका किसी ने विरोध नहीं किया। सभी ने कहा कि हम इसका स्वागत करते हैं, पर INDI गठबंधन के सभी सदस्यों ने अगर, मगर, किंतु, परंतु इसका उपयोग करके स्पष्ट रूप से महिला आरक्षण का विरोध किया है।'
आगे उन्होंने कहा 'कई जगह ऐसा दिखाई दिया कि विरोध हमारे दृष्टिकोण की जगह हमारे क्रियान्वयन के तरीके से है। लेकिन मैं देश की जनता को स्पष्ट करना चाहता हूं कि यह विरोध हमारे क्रियान्वयन के तरीके का नहीं बल्कि सिर्फ और सिर्फ महिला आरक्षण का ही है।'
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समय-समय पर परिसीमन का प्रावधान किया गया
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में महिला आरक्षण बिल और परिसीमन बिल पर बहस का जवाब देते हुए कहा, "1972 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की सरकार ने परिसीमन विधेयक लाकर सीटों को 525 से बढ़ाकर 545 किया और फिर इसे फ्रीज़ कर दिया। 1976 में सत्ता बचाने के लिए आपातकाल के काल में 42वें संशोधन द्वारा परिसीमन पर रोक लगा दी। उस वक्त भी कांग्रेस पार्टी ने ही परिसीमन से देश की जनता को वंचित रखा था और आज भी कांग्रेस पार्टी ही परिसीमन से वंचित रख रही है। 2001 में 84वां संशोधन हुआ और 2026 तक सीटों की संख्या को फ्रीज़ कर दिया गया।
अमित शाह ने बिल की टाइमिंग पर उठे सवाल का दिया जवाब
अमित शाह ने लोकसभा में महिला आरक्षण बिल और परिसीमन बिल पर बहस का जवाब देते हुए कहा, 'कई सारे सदस्यों ने कई आशंकाएं व्यक्त की उन्होंने कहा कि यह अभी क्यों लाया गया। मैं कहना चाहता हूं कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम में जिक्र है कि 2026 के बाद होने वाली जनगणना के बाद जो परिसीमन होगा उसमें महिलाओं के लिए आरक्षण सुनिश्चित किया जाएगा। 1971 में इंदिरा गांधी की सरकार थी तब वे इसे फ्रीज करके गई थी, वह फ्रीज की गई सीटों की संख्या उठाते हैं, तभी नारी शक्ति वंदन अधिनियम का क्रियान्वयन होता है इसलिए हम इसे लेकर आए।'