राजधानी में बढ़ते प्रदूषण ने डराया, GPAP 1 लागू होने के बाद एक्शन में DMRC, गुरुवार से दिल्ली मेट्रो के बढ़ेंगे फेरे; जानिए पूरा अपडेट
दिल्ली-एनसीआर में हवा की बिगड़ती गुणवत्ता और बढ़ते प्रदूषण के कारण वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने GRAP का पहला चरण लागू कर दिया है। 21 अक्टूबर को दिल्ली का AQI 'खराब' श्रेणी (244) में पहुंच गया, जिसे देखते हुए दिल्ली मेट्रो (DMRC) ने 22 अक्टूबर से नेटवर्क पर रोजाना 20 अतिरिक्त फेरे लगाने का फैसला किया है, ताकि लोग निजी वाहनों की जगह सार्वजनिक परिवहन अपनाएं।
- भारत
- 2 min read

दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली मेट्रो रेल निगम (DMRC) ने एक राहत भरा और बड़ा फैसला लिया है। राष्ट्रीय राजधानी में हवा की गुणवत्ता लगातार खराब हो रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए 22 अक्टूबर से कामकाजी दिनों में मेट्रो के फेरे बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। इसका मुख्य मकसद लोगों को निजी वाहनों की जगह सार्वजनिक परिवहन इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित करना है।
मेट्रो चलाएगी 20 अतिरिक्त फेरे
सड़कों पर गाड़ियों से होने वाले धुएं और प्रदूषण को कम करने के लिए DMRC अपने पूरे नेटवर्क पर रोजाना 20 अतिरिक्त मेट्रो फेरे लगाएगी। इससे यात्रियों को बेहतर सुविधा मिलेगी, मेट्रो में भीड़ कम होगी और लोग आसानी से प्रदूषण-मुक्त यात्रा कर सकेंगे।
निर्माण स्थलों पर धूल रोकने के कड़े कदम
निर्माण कार्यों से उड़ने वाली धूल भी हवा को जहरीली बनाती है। इसके लिए DMRC ने अपने सभी कंस्ट्रक्शन साइट्स पर खास इंतजाम किए हैं।
निर्माण स्थलों, आसपास की सड़कों और फुटपाथों की सफाई शुरू कर दी गई है। करीब 31 किलोमीटर सड़कों की मरम्मत की गई है ताकि धूल न उड़े।
कंस्ट्रक्शन सामग्री को ढककर रखा जा रहा है। बाहर निकलने वाले वाहनों के पहिए धोने के लिए 'व्हील वॉश' सिस्टम की जांच की जा रही है।
धूल को हवा में मिलने से रोकने के लिए मेट्रो स्टेशनों, दफ्तरों और निर्माण स्थलों पर 250 से अधिक एंटी-स्मॉग गन लगाई गई हैं।
दिल्ली-NCR में GRAP का पहला चरण लागू
प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने दिल्ली-एनसीआर में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) का स्टेज-1 लागू कर दिया है।
20 अक्टूबर को दिल्ली का AQI 179 मध्यम था, जो 21 अक्टूबर को बढ़कर 244 खराब पहुंच गया।
मौसम विभाग और विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले दिनों में हवा का स्तर 'खराब' श्रेणी में ही रहने की संभावना है।
Advertisement
आम जनता से सहयोग की अपील
CAQM ने सभी एजेंसियों को नियमों का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही दिल्ली-एनसीआर के नागरिकों से अपील की गई है कि वे निजी गाड़ियों का इस्तेमाल कम करें, मेट्रो और बसों जैसी सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को अपनाएं और दिल्ली की हवा को साफ बनाने में अपना योगदान दें।