दिल्ली पुलिस को धमकी भरा ईमेल भेजने वाला युवक गिरफ्तार, लड़की से ऑनलाइन दोस्ती होने पर भड़के शख्स ने फर्जी आईडी बनाकर मोहित को फंसाया
दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने दिल्ली और बेंगलुरु के पुलिस कमिश्नरों को भेजे गए धमकी भरे ईमेल के पीछे छिपे आरोपी अभय शी को गिरफ्तार कर लिया है, जानें कैसे खुलासा हुआ? फंसाने के चक्कर में नाम का गलत इस्तेमाल किया गया।
- भारत
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Delhi police crime branch: दिल्ली में क्राइम ब्रांच की टीम ने एक बेहद संवेदनशील मामले को सुलझाते हुए दिल्ली और बेंगलुरु के पुलिस कमिश्नर्स को भेजे गए धमकी भरे ईमेल के पीछे छिपे आरोपी को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी का नाम अभय शी (22 वर्ष) है। 7 दिसंबर को दिल्ली पुलिस कमिश्नर के ऑफिशियल ईमेल पर एक धमकी भरा मेल आया था। मेल भेजने वाले ने खुद को एक संगठन से जुड़ा बताया और एक मोबाइल नंबर देकर उगाही करने की कोशिश की। मेल CC में भी एक संदिग्ध मेल आईडी डाली गई थी। मामले की गंभीरता को देखते ही तुरंत जांच शुरू कर दी गई।
DCP क्राइम ब्रांच हर्ष इंदोरा की टीम ने मोबाइल नंबर की लोकेशन ट्रेस की और गुरुग्राम के सेक्टर-37 से एक मोहित नाम के लड़के को पकड़ा। मोहित की उम्र 23 साल है। पूछताछ में मोहित ने बताया कि 19 नवंबर 2025 से उसे इंटरनेशनल स्पैम कॉल, फर्जी QR कोड, धमकी भरे मेल और उसकी जैसी ईमेल ID बनाकर लगातार परेशान किया जा रहा था। यहां तक कि उसके नाम से झूठी साइबर शिकायतें भी दर्ज की गईं।
मोहिल नाम के लड़के का दिया था वसूली के लिए नंबर
बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर को एक मेल भेजा गया जिसमें मोहित का नंबर देकर पैसे मांगे गए। सार्वजनिक जगहों पर बम धमाके की धमकी भी दी गई, राजस्थान पुलिस PCR गंगानगर को भी व्हाट्सएप पर धमकी भेजी गई थी, साथ ही मोहित के नाम से रेप और मर्डर जैसी गंभीर फर्जी शिकायतें की गईं।
मोहित ने पुलिस को बताया- कौन था धमकी देने वाला
मोहित ने बताया कि कुछ समय पहले उसकी एक लड़की से ऑनलाइन बातचीत हुई, जिसके बाद अभय नाम के एक लड़के ने उसे फोन कर लड़की से दूर रहने को कहा था। क्राइम ब्रांच के मुताबिक दोनों अभय, मोहित और लड़की कभी एक दूसरे से नही मिले है सिर्फ ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए इनकी आपस में बात होती थी। सभी कड़ियों को जोड़ते हुए पुलिस ने दिल्ली में साकेत के सैदुलाजाब इलाके से अभय शी को गिरफ्तार किया।
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आपसी रंजिश के चलते अभय ने मोहित को फंसाया था
पूछताछ में अभय ने खुलासा किया कि मोहित से निजी रंजिश के चलते उसने पूरा ऑनलाइन हैरेसमेंट प्लान बनाया था, मोहित के नाम जैसी फर्जी ईमेल ID बनाईं, VPN और स्पूफिंग टूल्स से अपनी पहचान छिपाई थी। पुलिस ने आरोपी के पास से उसका मोबाइल फोन बरामद किया है और ये भी पता चला है कि फोन में से काफी डेटा डिलीट किया गया था, लेकिन फॉरेंसिक टीम से रिकवर करने की कोशिश कर रही है। अभय और मोहित के बीच एक लड़की को लेकर ऑनलाइन बहसबाजी हुई थी। इसी रंजिश में अभय ने मोहित को सबक सिखाने के लिए यह पूरा साइबर षड्यंत्र रचा था।