BREAKING: लालू परिवार की बढ़ी मुश्किलें, IRCTC केस में राउज एवेन्यू कोर्ट ने लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी के खिलाफ आरोप तय करने के दिए आदेश

IRCTC मामले में लालू यादव और उनके परिवार की मुश्किलें बढ़ गई है। मनी लॉन्‍ड्रिंग के मामले में जुड़े केस में कोर्ट ने लालू यादव पर आरोप तय कर दिया है।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
Delhi court orders framing of charges against Lalu Prasad, Rabri Devi, Tejashwi Yadav in IRCTC hotel scam case
Delhi court orders framing of charges against Lalu Prasad, Rabri Devi, Tejashwi Yadav in IRCTC hotel scam case | Image: X

IRCTC मामले में लालू यादव और उनके परिवार की मुश्किलें बढ़ गई है। मनी लॉन्‍ड्रिंग के मामले में जुड़े केस में कोर्ट ने लालू यादव पर आरोप तय कर दिया है। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने लालू यादव, तेजस्वी यादव, राबड़ी देवी समेत 9 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय कर दिए हैं। कोर्ट के इस फैसले के बाद अब मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई होगी

कोर्ट ने मामले में जांच को राजनीतिक रूप से प्रेरित बताए जाने की दलील को भी खारिज किया है। राउज एवेन्यू कोर्ट ने मामले को आगे की सुनवाई के लिए 3 अक्टूबर को लिस्ट किया है। कोर्ट ने कहा लारा प्रोजेक्ट को जिस तरफ फायदा पहुंचा वह लालू यादव की भूमिका पर संदेह पैदा करता है। आपको बता दें कि यह मामला उनके रेल मंत्री कार्यकाल से जुड़ा है। अदालत के अनुसार, रेलवे अधिकारियों ने निविदा प्रक्रिया में हेरफेर किया था। इस हेरफेर के जरिये रांची और पुणे में होटल लीज पर देने का रास्ता बनाया गया।

अदालत ने अपने आदेश में क्या कहा

अदालत ने अपने आदेश में कहा कि पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद ने अपने पद का दुरुपयोग किया। उनके कार्यकाल के दौरान रेलवे अधिकारियों ने निविदाओं में गड़बड़ी की। रांची और पुणे में होटल लीज पर देने के लिए यह हेरफेर किया गया था। इस पूरे मामले में मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप हैं।

Advertisement

इन लोगों पर आरोप तय करने के आदेश

विशेष न्यायाधीश (पीसी एक्ट) विशाल गोगने ने लालू प्रसाद यादव, तेजस्वी यादव, राबड़ी देवी, सरला गुप्ता, लारा प्रोजेक्ट्स एलएलपी, सुजाता होटल्स और अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया। सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि प्रथम दृष्टया ऐसा नहीं लगता कि लालू प्रसाद यादव के खिलाफ की गई जांच राजनीतिक रूप से प्रभावित थी। अदालत ने यह भी कहा कि लारा प्रोजेक्ट्स को जिस तरह कथित लाभ मिला, उससे लालू यादव की भूमिका पर संदेह पैदा होता है।

क्या है आईआरसीटीसी घोटाला जिसने लालू यादव पर कोर्ट ने किया आरोप तय

Advertisement

IRCTC घोटाला 2004-2009 के बीच का है जब लालू प्रसाद यादव यूपीए सरकार में रेलमंत्री थे। भारतीय रेलवे ने रांची और पुरी के बीएनआर होटलों को IRCTC के तहत लीज पर देने का फैसला किया, लेकिन ठेका प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं ने इस सौदे को विवादों में ला दिया। सीबीआई के मुताबिक, सुजाता होटल्स प्राइवेट लिमिटेड को ठेका देने में नियमों को ताक पर रखा गया और इसके बदले लालू परिवार को बेशकीमती जमीन हस्तांतरित की गई।

इस मामले में 14 लोग आरोपी हैं

  • लालू प्रसाद यादव: तत्कालीन रेलमंत्री, मुख्य साजिशकर्ता के रूप में
  • राबड़ी देवी: लालू यादव की पत्नी, बेनामी संपत्ति की लाभार्थी
  • तेजस्वी यादव: लालू यादव के बेटे, लारा प्रोजेक्ट्स के जरिए शामिल
  • विनय और विजय कोचर: सुजाता होटल्स के मालिक
  • प्रेमचंद गुप्ता: पूर्व केंद्रीय मंत्री
  • पीके गोयल: IRCTC के तत्कालीन MD
  • अन्य सरकारी अधिकारी और निजी व्यक्ति भी सह-अभियुक्त हैं

2025 में सीबीआई के केस में भी किए गए थे आरोप तय

इससे पहले 13 अक्टूबर 2025 को इसी अदालत ने सीबीआई के मामले में लालू यादव के खिलाफ भ्रष्टाचार, आपराधिक साजिश और धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं के तहत आरोप तय किए थे। राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव पर भी आपराधिक साजिश और धोखाधड़ी सहित कई आरोप तय किए गए थे। 

सीबीआई का आरोप है कि वर्ष 2004 से 2009 के बीच रेल मंत्री रहते हुए लालू यादव ने आईआरसीटीसी के रांची और पुरी स्थित दो होटलों का संचालन सुजाता होटल्स को कथित तौर पर हेरफेर वाले टेंडर के जरिए लीज पर दिया। इसके बदले करोड़ों रुपये मूल्य की जमीन बाजार मूल्य से काफी कम कीमत पर एक ऐसी कंपनी को हस्तांतरित की गई, जिसका संबंध राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव से बताया गया।

इसे भी पढ़ें- Kanpur: पार्टी में 'तुम तो धोखेबाज हो' पर डांस कर रही थी बहू, घर पर करोड़पति ससुर की हत्या कर रहे थे सुपारी किलर्स, मास्‍टर माइंड शालू का VIDEO

Published By:
 Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड