अपडेटेड 21 January 2026 at 00:04 IST

Ambedkar Nagar News : दहेज के लिए बहू को मिट्टी का तेल डालकर जिंदा जलाया, कोर्ट ने पति, सास-ससुर और जेठ-जेठानी को सुनाई उम्रकैद की सजा

अंबेडकर नगर में दहेज हत्या के मामले में जिला न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। रिंकी को जिंदा जलाने के दोषी पति, सास-ससुर सहित पांच आरोपियों को आजीवन कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई है।

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Ambedkarnagar Dowry Death Case
Ambedkarnagar Dowry Death Case | Image: freepik

Ambedkar Nagar News: उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर में जिला न्यायालय ने एक जघन्य मामले में सख्त फैसला सुनाया है। यहां न्यायालय ने विवाहिता को जिंदा जलाकर मारने के मामले में दोषी पति, सास, ससुर, जेठ और जेठानी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके अलावा कोर्ट ने सभी दोषियों पर दस-दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। साल 2022 का यह मामला टांडा कोतवाली क्षेत्र का है।

मिट्टी का तेल छिड़क कर जिंदा जलाया

ये मामला साल 2022 का है। रिंकी को उसके ससुराल पक्ष ने मिट्टी का तेल छिड़क कर आग के हवाले कर दिया था। घटना के बाद सूचना मिलने पर मायके पक्ष के लोग मौके पर पहुंचे और रिंकी को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी।

मां ने टांडा कोतवाली में दी थी तहरीर

रिंकी की मौत के बाद उसकी मां ने टांडा कोतवाली में तहरीर देकर ससुराल पक्ष के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने मामले की गहन जांच-पड़ताल और गवाहों के बयान के आधार पर आरोपियों के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल की।

दहेज के लिए की गई रिंकी की हत्या 

सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत के सामने मेडिकल रिपोर्ट, गवाहों के बयान और अन्य सबूत पेश किए। इसके बाद यह स्पष्ट हुआ कि रिंकी की हत्या दहेज के लिए की गई थी। मामले में ससुर प्रेमचंद मांझी और उसकी पत्नी सहित कुल पांच लोगों को आजीवन कारावास की सजा करार दिया गया है। अदालत ने सभी साक्ष्यों को सुनने और देखने के बाद आरोपियों को दोषी करार दिया। जिला न्यायालय ने अपने फैसले में साफ कहा कि दहेज के नाम पर महिलाओं के साथ होने वाली हिंसा किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं है।

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Published By : Sagar Singh

पब्लिश्ड 21 January 2026 at 00:04 IST