बद्रीनाथ चढ़ावा चोरी मामले में पुलिस को मिली बड़ी सफलता, मुख्य आरोपी प्रमोद नौटियाल देहरादून से गिरफ्तार; अब तक क्या-क्या हुआ?
बदरीनाथ धाम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले में फरार चल रहे आरोपी प्रमोद नौटियाल को पुलिस ने आखिरकार गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस लगातार अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी कर रही थी। जानें अभी तक मामले में क्या-क्या हुआ? पढ़ें पूरी खबर
- भारत
- 2 min read

Badrinath chadawa controversy: बदरीनाथ धाम मंदिर में श्रद्धालुओं के चढ़ावे में हेराफेरी के मामले में आरोपी कर्मचारी प्रमोद नौटियाल को पुलिस ने देहरादून से गिरफ्तार कर लिया है। लंबे वक्त तक आरोपी की तलाश की जा रही थी, इसलिए पुलिस अलग-अलग ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही थी, आखिरकार पुलिस को सफलता मिली और आरोपी को पकड़ा जा सका।
क्या है पूरा मामला?
बदरीनाथ धाम चढ़ावा चोरी मामले ने जब तूल पकड़ा तो, बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ( बीकेटीसी ) ने इस मामले में चार सदस्यीय जांच समिति गठित की, टीम ने सबसे पहले मंदिर के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और सभी पक्षों के बयान दर्ज किए और रिपोर्ट तैयार की।
हिंदूवादी संगठन भैरव सेना ने बीकेटीसी के एक कर्मचारी पर चोरी और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए थे। संगठन ने मुख्य कार्याधिकारी को पत्र लिखकर आरोपी को निलंबित करने और FIR दर्ज करने की मांग की।
बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि सोशल मीडिया पर आए आरोपों को गंभीरता से लिया गया है। वहीं, मुख्य कार्याधिकारी सोहन रांगड़ ने बताया कि एक सहायक और ड्यूटी अधिकारी को नोटिस जारी किया गया है।
1 जुलाई को लगे थे नए CCTV
बताया जा रहा है कि 1 जुलाई को नए सीसीटीवी लगाए गए थे और ये 2 जुलाई को मामला बताया जा रहा है, ऐसे में समिति के पास 45 दिन की फुटेज सुरक्षित है। बदरीनाथ में दान की राशि कर्मचारियों की मौजूदगी में गिनी जाती है। सीसीटीवी और वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में राशि बैंक कर्मचारी को सौंपी जाती है। कुछ श्रद्धालु स्वेच्छा से इस प्रक्रिया में शामिल होते हैं।
Advertisement
बदरीनाथ जैसे पवित्र धाम में चढ़ावा चोरी के आरोप बेहद गंभीर हैं। इस तरह की घटनाएं आस्था के केंद्रों में पारदर्शिता बनाए रखने पर जोर देती है। फिलहाल जांच समिति की रिपोर्ट का इंतजार है। दोषी पाए जाने पर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है ताकि सच्चाई सामने आ सके।